अभी राइजरपाइप बढ़ाए जाने की जरूरत, दो साल से खराब पड़ा था हैंडपंप
सीधी. दो साल के लंबे इंतजार के बाद हैंडपंप से पानी निकला तो बस्ती के लोग खुशी से झूम उठे। उनके चेहरे पर स्पष्ट रूप से खुशी झलक रही थी। दरअसल, 300 आबादी वाली बस्ती का एकलौता हैंडपंप पिछले दो साल से खराब पड़ा था।
जिला मुख्यालय से लगी रामगढ़-2 पंचायत की बसोर बस्ती के लोगों ने बताया कि शासन स्तर से यहां दो हैंडपंप लगवाए गए थे, एक बस्ती के अंदर व एक मुहाने पर था, लेकिन बस्ती के अंदर वाला हैंडपंप दो साल से खराब पड़ा था। शुरुआती दौर में बस्ती के लोगों ने बिगड़े हैंडपंप के लिए शिकायतें की, आरजू मिन्नत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई, जिससे अब तक हैंडपंप खराब पड़ा रहा।
बस्तीवासियों को दूर स्थित कुएं से पानी ढोना पड़ रहा था। गर्मी सीजन में तो जमकर फजीहत हुई। पत्रिका ने 17 जून के अंक में इस समस्या पर प्रमुखता से खबर प्रकाशित कर जिम्मेदारों का ध्यान आकृष्ट कराया। जिस पर संज्ञान लेते हुए पीएचई विभाग के अधिकारियों ने टीम भेजकर हैंडपंप की मरम्मत कराई। इसमें सुनील चौधरी का भी विशेष योगदान रहा।
बस्ती के लोगों ने बताया कि हैंडपंप का सुधार हो जाने से पानी तो निकलने लगा है, लेकिन पानी आने में समय लगता है। एक दो राइजर पाइप बढ़ा दिए जाएं तो पानी जल्द निकलने लगे। साथ ही मैकेनिक कुछ नट बोल्ट लगाना भूल गए हैं, जिससे फिर हैंडपंप खराब होने की आशंका है, इसे भी दुरूस्त कर दिया जाए तो ठीक रहेगा।