
bribery in madhya pradesh मध्यप्रदेश में रिश्वतखोर अधिकारी-कर्मचारियों पर शिकंजा कसे जाने का सिलसिला लगातार जारी है। हर आते दूसरे दिन प्रदेश में कहीं न कहीं कोई रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों पकड़ा जा रहा है लेकिन इसके बावजूद रिश्वतखोरी रुकती नजर नहीं आ रही है। ताजा मामला सीधी जिले का है जहां आदिम जाति कल्याण विभाग के एसी को 80 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों लोकायुक्त की टीम ने पकड़ा है।
ट्रांसफर रुकवाने मांगी थी रिश्वत
सीधी में आदिम जाति कल्याण विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर राजेश परिहार व उनका छात्रावास अधीक्षक अनिरुद्ध पांडेय को 80 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों रीवा लोकायुक्त ने पकड़ा है। दोनों ने एक छात्रावास अधीक्षक अशोक पांडेय से उसका ट्रांसफर रुकवाने के एवज में 1 लाख रुपए की रिश्वत की मांग की थी। छात्रावास अधीक्षक अशोक पांडेय 20 हजार रुपए की पहली किस्त अधीक्षक अनिरुद्ध पांडेय को पहले ही दे चुका था और इसके बाद रीवा लोकायुक्त में मामले की शिकायत की थी। जिस पर कार्रवाई करते हुए लोकायुक्त पुलिस ने असिस्टेंट कमिश्नर व सहायक अधीक्षक को 80 हजार रुपए लेते गिरफ्तार किया है।
देखें वीडियो- x8mojin
पैसे लेकर घर पर बुलाया था
जानकारी के मुताबिक रिश्वत की दूसरी किस्त 80 हजार रुपए लेकर असिस्टेंट कमिश्नर राजेश परिहार ने प्रार्थी अशोक पांडेय को अपने सरकारी आवास पर बुलाया था। जिसकी सूचना उसने लोकायुक्त को दी तो लोकायुक्त ने जाल बिछाया और जैसे ही राजेश परिहार व सहायक अधीक्षक अनिरुद्ध पांडेय ने रिश्वत के रुपए लिए तो उन्हें रंगेहाथों धरदबोचा। दोनों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। बता दें कि ये पहली बार नहीं है जब असिस्टेंट कमिश्नर राजेश परिहार को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। इससे पहले भी उनके खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है। तब राजेश परिहार टीकमगढ़ में पदस्थ थे और तब भी उन्हें 80 हजार रुपए की रिश्वत लेते पकड़ा गया था।
देखें वीडियो-
Published on:
21 Jul 2023 04:45 pm

बड़ी खबरें
View Allसीधी
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
