
Dap compost: राजस्थान में यहां डीएपी खाद के लिए किसान हो रहे परेशान
सीकर/खाटूश्यामजी. जिले में रबी की फसल बिजाई के साथ ही डीएपी Dap compost की भारी किल्लत के चलते अन्नदाता को मारे-मारे फिरना पड़ रहा है। जीएसएस पर जरूरत के हिसाब से खाद तो किसानों को नहीं मिल रही, लेकिन उसी खाद के लिए वह घंटो लाइनों में उलझ रहा है। हाल ही में गेहूं, जौ, चना, सरसों आदि रबि की फसलों की बिजाई का सीजन शुरू हो गया है। जिले में करीब 262 सहकारी समितियों में 3 लाख के करीब किसान हैं। सरकार की ओर से महज 9000 डीएपी के कट्टे भेजे हैं जो ऊंट के मुंह में जीरा है। किसानों का आरोप है कि जीएसएस पर पर्याप्त डीएपी नहीं मिलने से अब बाजारों में कालाबाजारी होगी। बुधवार को जिले की सहकारी समितियों पर किसानों को सुबह से ही कतारों में खड़े नजर आए। कुछ को खाद मिला और कुछ को बैरंग लौटना पड़ा। डीएपी के लिए आए किसान मंगलाराम जाट, प्रधान निठारवाल, सुमेर सिंह, पवन शर्मा आदि किसानों ने बताया कि सुबह से लाइन में खड़े थे, जब नंबर आया तो कर्मचारियों ने कहा कि एक कट्टा ही मिलेगा। खाटू, मंढा, लाडपुर, बाय आदि गांवों के किसानों का कहना है कि जमीन के हिसाब से खाद नहीं मिल रही।
उक्त समस्या को लेकर मैंने जिला कलक्टर को भी अवगत करवा दिया है। डिमांड क हिसाब से खाद की सप्लाई कम आ रही है, मगर शीघ्र ही आईपीएल की खाद और आने वाली है। कालाबाजारी को रोकने के लिए विभाग बराबर निरीक्षण कर रहे है। खाद की दुकानों पर मूल्य निर्धारित है। अगर इससे भी ज्यादा मूल्य लिया जा रहा है तो जांच करेंगे।
हरदेव सिंह बाजिया (उपनिदेशक, कृषि विभाग सीकर)
Published on:
27 Oct 2022 10:53 am
बड़ी खबरें
View Allसीकर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
