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VIDEO : ढाई साल के बच्चे के अपहरण का LIVE, पूरी घटना CCTV कैमरे में कैद, 3 दिन से हर कोई हैरान

Udaipurwati Child kidnapping Case : उदयपुरवाटी कस्बे से ढाई साल के युवराज के अपरहण की घटना शुक्रवा की है, मगर रविवार दोपहर तक इसका खुलासा नहीं है।

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 Udaipurwati Child kidnapping Case

Udaipurwati Child kidnapping Case

उदयपुरवाटी. कस्बे का सात बत्ती इलाका...। शाम पांच बजे का वक्त...। किशोर वर्मा का ढाई साल का युवराज...। रोजाना की तरह घर के बाहर खेल रहा है...। अचानक एक युवक आता है...। वो ठीक से चल नहीं पा रहा है...। लडखड़़ा रहा है। बावरिया जाति का सा लग रहा है...। वह युवराज को गोद में उठाता है...। शॉल में लपेटा है...और फिर पांच बत्ती, टिटेड़ा व मुख्य बाजार होते हुए शाकम्भरी गेट की तरफ चला जाता है...। इस बीच युवराज रोने लगता है...तो अपरहण करने वाला युवक उसे यह कहकर चुप करवाता है कि वो ही उसका पिता है...।

पूरा Udaipurwati हैरान : आखिर कहां गया ढाई साल का युवराज, देखे चौंका देने वाले इस मामले की तस्वीरें

ये दृश्य उदयपुरवाटी कस्बे से ढाई साल के युवराज के अपरहण के समय का है, जो वारदात के रास्तों में नगर पालिका द्वारा लगाए गए और दुकानों व घरों के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हुआ है। इसके अलावा रास्ते में लोगों ने अपहरण करने वाले को बच्चा उठाकर ले जाते और उसे रोते हुए को चुप करवाते भी देखा है।

VIDEO उदयपुरवाटी : घर के बाहर से ये बच्चा रहस्यमयी ढंग से हुआ गायब, सीसीटीवी फुटेज में दिखा वो ले गया उठाकर

घटना शुक्रवार शाम की है, मगर रविवार दोपहर तक इसका खुलासा नहीं हो पाया है। पता ही नहीं चल पा रहा है कि आखिर बच्चे को कौन व कहां ले गया। आरोपित सीसीटीवी कै मरे में मासूम को ले जाते हुए कैद तो हुआ है, मगर उसका चेहरा स्पष्ट नजर नहीं आ रहा। वहीं लाडले के अपहरण के बाद मां कृष्णा व पिता किशोर वर्मा का रो-रोकर बुरा हाल है।

प्रत्यक्षदर्शी फारूख चौपदार ने बताया कि पांच बजे के बाद एक दुबला, पतला, युवक जिसके मूंछ थी। वह शराब के नशे में था, और उसने एक भूरी कलर की शॉल में मासूम को लपेट रखा था। उसने काले रंग का पायजामा पहन रखा था। बच्चा रो रहा था, जिसे बोलता हुआ वह ले जाए जा रहा था कि बेटा मैं ही तेरा पापा हूं। वह बैंक होते हुए आगे बस स्टैंड का पता पूछते हुए आगे निकल गया।

स्कैच बनाने में मदद
थाने में शनिवार दोपहर बाद स्कैच बनाने वाले भी आ गए। प्रत्यक्षदर्शी फारूख चौपदार व सलमान खान की इसके लिए मदद ली जा रही थी। साथ ही मासूम की तलाश के लिए सीकर, नीमकाथाना, खंडेला, जयपुर आदि स्थानों पर अलग अलग टीमें भेजी गई है।

एसपी ने जुटाई जानकारी
अपहरण करीब पांच बजे के आस-पास हुआ है। अज्ञात आरोपित पांच बजकर 14 मिनिट पर मुख्य बाजार में एक कपड़े की दुकान पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। पतला, लंबा, सांवले रंग का आरोपित नशे में लग रहा है। शाकंभरी गेट के पास से संभवतया किसी वाहन में सवार होकर मासूम को साथ ले गया है।

पिता रहते हैं विदेश
युवराज का पिता किशोर वर्मा विदेश में मजदूरी करता है। वह चार माह पहले ही छुट्टी पर घर आया था। उसकी वापसी टिकट भी 18 जनवरी की है।

कस्बे में डटे रहे एसपी
सूचना पर रात को ही एएसपी नरेश मीना, डीएसपी प्रभातीलाल मीना, गुढ़ागौडज़ी एसएचओ कमल चौधरी भी आ गए थे। रात को ही डॉग स्क्वाइड को बुलाकर खोजबीन शुरू कर दी गई है। सुबह एसपी मनीष अग्रवाल भी कस्बे में पहुंचे। उन्होंने दुकानदारों से इस संबंध में पूछताछ की। साथ ही बावरियों की बस्तियों में भी तलाश की, लेकिन शाम तक मासूम नहीं मिला।

सीकर व जयपुर में भी तलाशा जा रहा उदयपुरवाटी से किडनैप किया ढाई साल का बच्चा

सीकर. झुंझुनूं जिले के उदयपुरवाटी कस्बे में शाम को घर के बाहर खेलते समय किडनैप किए गए ढाई साल के मासूम बच्चे युवराज को तीसरा दिन रविवार को भी पता नहीं चल पाया है।

झुंझुनूं एसपी मनीष कुमार अग्रवाल का कहना है कि पुलिस की कई टीमें बच्चे की तलाश में जुटी हैं। उदयपुरवाटी का चप्पा-चप्पा खंगाला जा रहा है। इसके अलावा नीमकाथाना, शाहपुरा, सीकर, सिंधी कैम्प जयपुर आदि जगहों पर भी पुलिस की विशेष टीमें रवाना की गई हैं।

उदयपुरवाटी के युवराज के अपहरण का तीसरा दिन, सन्नाटा पसरा

उदयपुरवाटी। कस्बे के साथ बत्ती के पास स्थित मासूम युवराज के घर के आस-पास सन्नाटा पसरा है, जो लोग आपस में मिलते हैं। वे युवराज के अपहरण को लेकर ही चर्चा कर रहे हैं।

पुलिस से लेकर बाजार में दुकानदारों के बीच और घरों में महिलाओं तक में अब युवराज के अपहरण को लेकर चर्चाएं हो रही हैं।

अपहरण के बाद बच्चों और महिलाओं में खौफ जैसा माहौल बनता जा रहा है। गली मोहल्ले में कल तक जो बच्चे खेलते दिखाई देते थे वे अब न के बराबर दिखाई दे रहे हैं। हर किसी के मन में अपहरण के बाद फिर से कोई घटना न होने की आस में अपने बच्चे को अकेले घर से बाहर नहीं भेज रहे हैं।

रविवार का छुट्टी का दिन भले ही हो लेकिन गली मोहल्लों में बच्चों की संख्या ना के बराबर दिखाई दी। दूसरी तरफ तीन दिन से जगह जगह तलाश के बाद भी युवराज की तलाश नहीं हो पाई है।

पुलिस आईटी स्पेशलिस्ट, सीसीटीवी फुटेज स्पेशलिस्ट आदि एक्सपर्ट की मदद ले रही है। साथ ही आसपास के इलाकों में युवराज की तलाश निरंतर जारी है। तलाश न होने के कारण लोगों के सब्र का बांध भी टूटने की आशंका बनती जा रही है। ऐसे में झुंझुनूं से अतिरिक्त जाब्ता बुलाया गया है।