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सीकर में उपद्रवियों ने मचाया आग की लपटों का तांडव,हर तरफ दहशत का माहौल

हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल रहा। दुकानदार ताला लगाए बिना ही शटर नीचे गिराकर भाग गए

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सीकर. बस से उठी लपटों के साथ ही फतेहपुर रोड पर दहशत का आलम हो गया। चारों तरफ की गलियों से पत्थर बरसने लगे। इसी के साथ ही पुलिस की उपद्रवियों के पीछे भागदौड़ और अश्रु गैस के धमाके गूंजने लगे। हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल रहा। दुकानदार ताला लगाए बिना ही शटर नीचे गिराकर भाग गए। पुलिस के भारी जाब्ते के बाद भी उपद्रवी युवकों ने गलियों में मोर्चा जमा लिया। दो घंटे तक रूक-रूक कर पथराव किया। बाद में पुलिस ने घेरकर 105 से अधिक युवकों को हिरासत में लिया। वहां खड़ी 35 से अधिक बाइक जब्त की है।

वाहनों के शीशे तोड़ते हुए भागे

उपद्रवी युवक बस के आग लगाने के बाद भी नहीं थमे। पुलिस जाब्ते के पहुंचने के साथ ही पथराव शुरू कर दिया। पुलिस ने उन्हें खदेड़ा तो वहां खड़े करीब दर्जन भर वाहनों में तोडफ़ोड़ कर दी। होटलों का सामान के सामान बिखेर दिया गया। पुलिस की तैनाती के बीच मौका पाकर पुलिस की वाइक के आग लगा दी गई। फतेहपुर रोड का करीब डेढ़ किलोमीटर का क्षेत्र करीब डेढ़ घंटे तक उपद्रवियों के हवाले रहा। पुलिस उनके पीछे दौड़ती रही। उपद्रवी बाद में गलियों में घुस गए और पथराव करने लगे।

पत्थरों से सनी सडक़, हर तरफ उपद्रव के निशां

फतेहपुर रोड पर हुए उपद्रव के निशां सडक़ पर हर कदम पर नजर आ रहे थे। करीब डेढ़ किलोमीटर क्षेत्र में सडक़ पर बिखरे पत्थर इस बात की गवाही दे रहे थे। वहीं दुकानों के बाहर रखा सामान बिखरा पड़ा था। वहां रखी कुर्सी टेबिल तोड़ दी गई थी। लोगों ने खुद को अपने घरों में बंद कर लिया। मामला शांत होने तक लोग घरों में ही कैद रहे।

भारी जाप्ता तैनात

फतेहपुर रोड पर हादसे के बाद बने तनाव के हालात को देखते हुए पुलिस का भारी जाब्ता तैनात किया गया है। आरएसी व पुलिस के करीब सौ जवान लगातार गश्त कर रहे हैं। पुलिस देर रात तक उपद्रवियों की तलाश में उनके घरों में दबिश दे रही थी। शहर के अन्य संवेदनशील स्थानों पर पुलिस ने निगरानी बढ़ा दी।

पुलिस ने भी किया जवाबी पथराव

भीड़ की ओर से आ रहे पत्थरों को रोकने के लिए पुलिस ने भी जवाबी पथराव शुरू कर दिया। कई पुलिसकर्मी हाथों में पत्थर लिए नजर आए तो कुछ पत्थर फेंकते हुए दिखाई दिए। पथराव के बीच पुलिस के अधिकारी क्रिकेट हेलमेट पहन कर पहुंचे।हर चेहरे पर नजर आया खौफहादसे के बाद आक्रोशित भीड़ के पथराव व आगजनी की वारदात से फतेहपुर रोड के लोग दहशत में आ गए। शाम को मुख्य मार्ग पर कफ्र्यू का सा माहौल हो गया। शाम के समय घर पहुंचने वाले कई लोग भी दहशत के कारण फतेहपुर रोड पर जाने से कतरा रहे थे। राहगीर भी परिवार सहित सहमे नजर आए।

हमने चालक को बचाया...भीड़ ने किया हमला

हादसे के बाद सबसे पहले मौके पर पहुंचे फतेहपुर रोड चौकी के पुलिसकमी दहशत में हैं। हमले में चौकी प्रभारी एएसआई शिव राज सिंह व एक सिपाही का सिर फूट गया। बकौल शिवराज सिंह हादसे की सूचना मिलते ही वे चार जवानों के साथ मौके पर पहुंचे। घायल को अस्पताल भेजा। इस दौरान भीड़ ने रोडवेज बस के चालक से मारपीट शुरू कर दी। उन्होंने चालक को बचाने का प्रयास किया तो भीड़ ने उन पर पथराव कर दिया। पथराव में उनके सिर में चौट आई। इस पर उन्होंने कोतवाली को हादसे व पथराव की जानकारी दी।

इस पर कोतवाली से एसआई रामकिशोर व पुलिस जाब्ता मौके पर पहुंचा। एसआई रामकिशोर ने बताया कि उनके मौके पर पहुंचने पर भीड़ वहां से एक बारगी हट गई। लेकिन कुछ क्षण बाद ही पुलिस पर पथराव कर दिया गया। पुलिसकर्मियों को अपनी जान बचाकर भागना पड़ा। इस दौरान गाड़ी में बैठी सवारियां नीचे उतर गई थी। बाद में उपद्रवियों ने बस के अंदर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी। आग से बस अंदर से जल गई, हालांकि बस का एक भी टायर आग से नहीं जला। पूछताछ में बस चालक ने बताया कि युसूूफ स्टंट करता हुआ आ रहा था। अचानक बस के पहियों के नीचे आ गया।

उपद्रव के बाद मारू स्कूल तक वाहनों का जाम लग गया। ऐसे में पुलिस के अधिकारी और सिपाही भी मौके पर पैदल ही पहुंचे। पुलिस ने करीब एक घंटे बाद एक तरफ का यातायात शुरू करवा दिया। लेकिन दूसरी तरफ यातायात रात करीब नौ बजे तक बंद रहा। फतेहपुर रोड पर हादसे के बाद मौके पर तनाव की स्थिति को देखते हुए सीकर से चूरू व बीकानेर की ओर जाने वाले वाहनों को भी रोक दिया गया। फतेहपुर की ओर से आने वाले वाहनों को ही एक तरफा यातायात के तहत सीकर की ओर निकाला गया। जिससे फतेहपुर रोड वन-वे हो गई।

फायर ब्रिगेड को हुई परेशानी

रोडवेज बस व दूसरे वाहनों में आगजनी के कारण मौके पर फायर बिग्रेड को पहुंचने में भी परेशानी का सामना करना पड़ा। पुलिस सुरक्षा के बीच ही फायर बिग्रेड को भेजा जा सका। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद फायर बिग्रेड कर्मियों ने रोडवेज बस में लगी आग पर काबू पाया।

हर कोई सुरक्षित ठिकाने की तलाश में

फतेहपुर रोड पर पथराव व आगजनी की घटना के कारण पैदल चल रहे राहगीर व परिवार के साथ खरीदारी करने आए लोगों ने जहां सुरक्षित ठिकाना मिला वहां छुपने का प्रयास किया। इस दौरान लगातार पथराव के कारण छोटे बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस ने दुकानों से ऐसे परिवारों को निकाल कर घरों तक पहुंचाया।

संभाला मोर्चा

पुलिस ने उप्रदव के दौरान अश्रू गैस के करीब सौ गोले दागे। गैस गन से भी फायर किया गए। भीड़ के नियंत्रण में नहीं आने पर पुलिस को कंट्रोल रूप में तीन बार अश्रू गैस के गोले मंगवाने पड़े। पुलिस ने भीड़ को खदेडऩे के लिए कई बार लाठी चार्ज किया।

घरों से घुसकर निकाला

तनाव के हालात होने पर अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. तेजपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस उप अधीक्षक गिरधारीलाल शर्मा, शहर कोतवाली, उद्योग नगर, राणोली थाने के साथ आरएसी व कोबरा टीम ने मोर्चा संभाला। पुलिस ने अलग-अलग टीमें बनाकर उपद्रवियों की तलाश शुरू की। गली में घेरकर करीब दो दर्जन युवकों को पकड़ा गया। पुलिस कुछ युवकों को घरों में घुसकर भी बाहर निकाल कर ले आई। पुलिस ने बंद दुकानों के भी शटर खोलकर उपद्रवियों की तलाश की।
तनाव के हालात होने पर अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. तेजपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस उप अधीक्षक गिरधारीलाल शर्मा, शहर कोतवाली, उद्योग नगर, राणोली थाने के साथ आरएसी व कोबरा टीम ने मोर्चा संभाला।

पुलिस ने अलग-अलग टीमें बनाकर उपद्रवियों की तलाश शुरू की। गली में घेरकर करीब दो दर्जन युवकों को पकड़ा गया। पुलिस कुछ युवकों को घरों में घुसकर भी बाहर निकाल कर ले आई। पुलिस ने बंद दुकानों के भी शटर खोलकर उपद्रवियों की तलाश की।

रोडवेज ने बदला रूट

फतेहपुर रोड पर गुरुवार शाम हुए पथराव के बाद रोडवेज डिपो ने चूरू रूट की बसों का मार्ग डायवर्ट कर दिया। घटना के फौरन बाद चूरू मार्ग की सभी बसों को बाइपास होते हुए भेजा गया। इस दौरान सवारियों को खासी परेशानी हुई। डिपो प्रबंधक कल्याण सहाय मीणा ने बताया कि घटना के करीब तीन घंटे बाद रोडवेज की जली बस को मौके से हटाया गया। इस दौरान 17 बसों को बाइपास से भेज गया। देर रात कई बसें फतेहपुर रोड की बजाए सीधे बाइपास गई।