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सीकर चक्काजाम: हाथों में जेली, दांतलि लेकर महिलाएं भी सड़कों पर उतरी, अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान

Sikar Jam Open : माकपा ( CPIM Protest in Sikar ) के ऐलान के बाद जिला सोमवार को दो घंटे तक बंद रहा। बंद के दौरान पुरूषों के साथ महिलाएं भी हाथों में जेली, दांतलि लेकर सडक़ों पर उतरी।

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सीकर

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Naveen Parmuwal

Sep 09, 2019

सीकर चक्काजाम: हाथों में जेली, दांतलि लेकर महिलाएं भी सडक़ों पर उतरी, अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान

सीकर चक्काजाम: हाथों में जेली, दांतलि लेकर महिलाएं भी सडक़ों पर उतरी, अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान

सीकर।
Sikar Jam Open : माकपा ( CPIM Protest in Sikar ) के ऐलान के बाद जिला सोमवार को दो घंटे तक बंद रहा। बंद समर्थकों ने प्रमुख मार्गों पर टायर व वाहन लगाकर रास्ते को रोक दिया। जिससे आवागमन पूरी तरह से बाधित रहा। बंद के दौरान पुरूषों के साथ महिलाएं भी हाथों में जेली, दांतलि लेकर सडक़ों पर उतरी। माकपा ने शाम 5 बजे तक चक्काजाम रखने का निर्णय लिया था लेकिन, दो घंटे बाद कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर 16 सितंबर तक का समय देकर बंद को वापस ले लिया। माकपा सचिव किशन पारीक ने बताया कि आमजन की परेशानी को देखते हुए चक्काजाम को स्थगित करने का निर्णय लिया गया है और प्रशासन को अगले सोमवार तक का समय दिया है। अगर प्रशासन फिर भी नहीं चेता तो सोमवार को कृषि मंडी में महापड़ाव होगा। जिसमें आंदोलन की आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि जब तक दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं होगी, तब तक हम प्रशासन से आर-पार की लड़ाई लड़ेंगे।

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इससे पहले सुबह 10 बजे बाद हाइवे व बाईपास पर समर्थक जुटने लगे और जाम लगा दिया। शहर में पूर्व विधायक अमराराम समर्थकों के साथ बाजारों में दुकानदारों से प्रतिष्ठान बंद रखने की अपील करते नजर आए। सुबह से ही बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। ताड़पिया बगीची के पास समर्थकों ने टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन किया। जिलेभर में जाम के कारण बसों को संचालन बंद रहा। जिससे यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। सीकर के अलावा फतेहपुर, शिश्यूं, पलसाना, धोद, रींगस, दांतारामगढ़, लोसल सहित कई मुख्य मार्गों पर जाम लगा रहा। खाटूश्यामजी में चल रहे बाबा श्याम के मासिक मेले के चलते श्रद्धालुओं को परेशानी झेलनी पड़ी। दो घंटे बाद बंद और चक्काजाम के स्थगित के बाद आमजन और प्रशासन ने राहत की सांस ली।

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बंद का व्यापक असर
सीकर बंद का व्यापक असर देखने को मिला। सुबह से ही बाजार बंद थे। माकपा व बंद समर्थक टोलियां बनाकर बाजार में निकले और खुले प्रतिष्ठानों को बंद करवाया। बंद को ऑटो यूनियन व सिटी बस यूनियन सहित कई संगठनों का समर्थन मिला। जिसके चलते शहर में ऑटो व सिटी बस का संचालन भी बंद रहा।

पुलिस का जाप्ता रहा तैनात
माकपा के ऐलान के बाद किसी भी स्थिति ने निपटने के लिए पुलिस का अतिरिक्त जाप्ता बाहर से बुलाया गया। आरएएसी, एसटीएफ तैनात की गई। पुलिस के आलाधिकारी हर गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थे। देर रात आठ बजे बाद सीकर में धारा 144 ( Section 144 in Sikar ) लगाई गई।

16 को महापड़ाव, गांव व ढाणियों में संपर्क
चक्काजाम स्थगित के साथ ही माकपा ने 16 सितंबर को कृषि उपज मंडी में महापड़ाव का ऐलान किया है। सचिव किशन पारीक ने प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि 16 सितंबर को कृषि मंडी में होने वाली सभा के लिए गांव व ढाणियों में संपर्क किया जाएगा। उसी दिन आगे की रणनीति तय की जाएगी। उन्होंने यह स्पष्ट किया है कि हम कलेक्टे्रट का घेराव भी कर सकते है।


इस मांगों पर अड़ी माकपा
मतगणना के दौरान लाठीचार्ज के मामले में आंदोलन के चलते एक एएसआई और कांस्टेबल को लाइन हाजिर किया जा चुका है। इसके अलावा कालेज प्राचार्य को भी एपीओ कर दिया गया है। लेकिन माकपा मामले की न्यायिक जांच करने और एसपी, डीवाईएसपी और शहर कोतवाल को बर्खास्त करने की मांग कर रही है।