
Gram Panchayat: transfer of secretaries without approval
सिंगरौली. जिला पंचायत द्वारा किए गए सचिवों के तबादला का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। एक दिन पहले हुई बैठक में अध्यक्ष व उपाध्यक्ष सहित अन्य सदस्यों द्वारा आपत्ति जताई गई थी। बुधवार को फिर से जिला पंचायत के पदाधिकारियों व सदस्यों ने पत्रकारवार्ता बुलाकर उन्हें अधिकारियों द्वारा उपेक्षित किए जाने का आरोप लगाया गया।
जिला पंचायत अध्यक्ष सोनम सिंह व उपाध्यक्ष अर्चना सिंह ने कहा कि ग्राम पंचायत सचिवों का अभी हाल में किए गए तबादले में बड़े पैमाने पर धन उगाही की गई है। यही वजह है कि अधिकारियों ने बिना सामान्य प्रशासन का अनुमोदन लिए तबादले के बावत सूची शासन को भेज दिया। जिला पंचायत स्थित अध्यक्ष में चेंबर में आयोजित पत्रकारवार्ता में उपाध्यक्ष ने कहा कि सामान्य प्रशासन द्वारा अनुमोदन लिए गए स्थानांतरण क्यों किया गया, इस प्रश्न के जवाब में अधिकारी गोलमोल जवाब दे रहे हैं।
अधिकारियों का कहना है कि तबादला सीधे सचिवों के आवेदन पर शासन स्तर से हुआ है। इधर, जिला पंचायत के पदाधिकारियों के साथ सदस्य संदीप शाह व अशोक सिंह पैगाम की ओर से कई आरोप लगाए गए हैं। साथ ही उनके प्रस्तावों को नजरअंदाज किए जाने का आरोप भी लगाया गया है। कहना है कि जिला पंचायत के अधिकारी केवल सांसद व विधायकों की बात सुन रहे हैं।
आमजन की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। शिक्षा विभाग में घोटाले हो रहे हैं। किसानों को खाद-बीज नहीं मिल रहा है। बिना बिजली कनेक्शन के बिल भेजा जा रहा है। स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं। बरका की शासकीय शाला उदाहरण है। 163 बच्चों को पढ़ाने के लिए केवल एक शिक्षक पदस्थ है। इन समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया गया है, लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
Published on:
13 Oct 2022 11:56 pm
बड़ी खबरें
View Allसिंगरौली
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
