
फिलहाल डीईओ के पास ही होगा चीफ डीईओ का प्रभार
जोधपुर. प्रदेश के जिलों में शिक्षा संकुल स्थापित करने के राज्य सरकार के आदेश के बाद से रोज नए-नए आदेश आ रहे हैं। ताजा आदेश राजस्थान स्कूल शिक्षा परिषद् ने जारी किया है। इसमें जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक प्रथम को मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी और पदेन जिला परियोजना समन्वयक समग्र शिक्षा अभियान (उपनिदेशक के समकक्ष) का पद संभालने के निर्देश दिए हैं।
जोधपुर में पहले ही उपनिदेशक प्रारंभिक व उपनिदेशक माध्यमिक के पद पर एक-एक अधिकारी कार्यरत हंै। आदेश में यह स्पष्ट नहीं है कि मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी और पदेन जिला परियोजना समन्वयक तैनात होने के बाद उप निदेशकों का होगा। दूसरी ओर संयुक्त निदेशक पद पर भी अधिकारी का नियुक्त होना शेष है। ऐसे में दो उपनिदेशक की मौजूदगी में डीईओ माध्यमिक प्रथम को मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी का अतिरिक्त कार्य दिया गया है। शिक्षा विभाग के जानकारों का कहना है कि चुनावी साल में शिक्षा संकुल का सेटअप तैयार करना राज्य सरकार के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होगा। हालांकि राज्य परियोजना निदेशक शिवांगी स्वर्णकार ने आदेश जारी कर दिए हैं। आदेश के तहत पदोन्नति से नियुक्ति होने तक चीफ डीईओ का कार्य डीईओ के भरोसे रहेगा। जोधपुर में शिक्षा संकुल बनाने के लिए होगा जगह का चयनहाल ही डीईओ माध्यमिक प्रथम रामेश्वरप्रसाद जोशी ने शहर में शिक्षा विभाग के प्रारंभिक एवं माध्यमिक कार्यालयों का क्षेत्रफल व कक्ष की जानकारी भेजी है। इसी में से राज्य सरकार के एक जगह को शिक्षा संकुल के लिए चयनित करेगी। जहां शिक्षा विभाग के सभी कार्यालय एक साथ संचालित होंगे। जबकि पूर्व में ब्लॉक स्तर पर जिला शिक्षा अधिकारियों को बैठाने के निर्देश आए थे। हालांकि ये पूरा सेटअप तैयार होना शेष है। बड़ा सवाल यह है कि क्या विधानसभा चुनाव से पहले यह कवायद पूरी हो सकेगी?
इसको लेकर लिपिक संगठन प्रदर्शन कर रहे है। सूत्र बता रहे है कि राज्य सरकार फिलहाल इन पदों को यथावत रखेगी। एेसे में इन कार्यालयों में कनिष्ठ व वरिष्ठ लिपिकों के पद यथावत रह सकते हैं। जानकार बता रहे है कि लिपिकों के अभाव में जिला व संभाग कार्यालय में कई काम भी अटक जाएंगे।
Published on:
13 Sept 2018 08:15 pm
