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डीएमआईसी प्रोजेक्ट: बोले काश्तकार बाजार भाव से मिले मुआवजा

रोहट के सिणगारी में हुई जनसुनवाई
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पाली

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Manish kumar Panwar

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Updated: 12 Jun 2024, 7:09 PM IST

डीएमआईसी प्रोजेक्ट: बोले काश्तकार बाजार भाव से मिले मुआवजा

सिणगारी में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचे किसान।

पाली. डीएमआईसी प्रोजेक्ट के तहत रोहट क्षेत्र के नौ गांवों में काश्तकारों की भूमि अवाप्त की जा रही है। उसको लेकर मंगलवार को सिणगारी ग्राम पंचायत मुख्यालय पर जनसुनवाई हुई। जनसुनवाई में काश्तकारों ने डीएलसी दर का ही मुद्दा रखा। जनसुनवाई में काश्तकारों ने कहा कि रोहट क्षेत्र के गांवों में डीएलसी दरें कम है। हमारी भूमि अवाप्त कर जो मुआवजा राशि दी जाएगी। उसके बदले रोहट क्षेत्र की अन्य जगह पर प्लाॅट भी नहीं खरीद पाएंगे। जनसुनवाई में हीरालाल ओढ़ ने कहा कि यहां डीएलसी दरें बहुत कम व बाजार मूल्य अधिक है। हम काश्तकारों की भूमि अवाप्त की जा रही है तो बाजार मूल्य से मुआवजा राशि मिलनी चाहिए। उपसरपंच शोभाराम देवासी ने बाजार मूल्य को डीएलसी दर मान चार गुणा मुआवजा राशि देने की मांग की। सरपंच प्रतिनिधि मांगू सिंह मोरिया ने कहा कि काश्तकारों को हित में सरकार को फैसला लेना चाहिए।

बढ़ा मुआवजा दिलवाने का करेंगे प्रयास

पाली विधायक भीमराज भाटी ने कहा कि सभी काश्तकार वर्ष 2021 से 2024 तक भी रजिस्ट्री जो बाजार भाव मूल्य से हुई है। उन रजिस्ट्री की प्रतिलिपि लाए। वे उन प्रतिलिपि को लेकर जयपुर में अधिकारियों से वार्ता कर जो भी औसत निकलेगा उसके हिसाब से डीएलसी दर बढाकर मुआवजा राशि दिलाने का प्रयास करेंगे। बैठक में भूमि अवाप्त अधिकारी रीका डॉ नीलम मीणा, नायब तहसीलदार अंजली बैरवा, उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी डीएमआईसी देवेन्द्र परमार, प्रवीण गुप्ता, उपखंड अधिकारी अशोक विश्नोई, तहसीलदार प्रकाश पटेल, विधायक भीमराज भाटी, पटवारी सुजाराम, मोहन चौधरी, सरपंच पवन कुंवर, मांगूसिंह मोरिया, शोभाराम देवासी, हीरालाल ओढ सहित काश्तकार मौजूद थे।

सिणगारी में श्मशान घाट के लिए जमीन मांगी

सिणगारी गांव में श्मशान घाट के लिए जमीन नहीं है। ग्रामीणों ने अधिकारियों को ज्ञापन देकर सिणगारी गांव में श्मशान घाट के लिए भूमि छोड़ने की मांग की।

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