20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

खास खबर

द्रव्यवती नदी…दो माह से सफाई नहीं, लोगों को सता रहा बीमारी का डर

  अम्बाबाड़ी से हसनपुरा पुलिया, पुरानी चुंगी और दुर्गापुरा तक हाल-बेहाल- कचरे और दुर्गंध ने किया जीना मुहाल

Google source verification

जयपुर. द्रव्यवती नदी की सफाई कई माह से नहीं हो रही है। तभी तो जगह-जगह बहाव क्षेत्र में कचरा पसरा हुआ है। अम्बाबाड़ी से लेकर हसनपुरा पुलिया, पुरानी चुंगी और दुर्गापुरा तक एक जैसा हाल है। नदी की बदहाल स्थिति से आस-पास रहने वाले लोग परेशान हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान कॉलोनियों में पानी भर जाता है और उसके बाद दुर्गंध की वजह से रहना मुश्किल हो जाता है। गंदे पानी का ठहराव होने से लोगों में बीमारी का डर भी बना हुआ है।

नहीं निकला कोई रास्ता

टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड ने रखरखाव का काम बंद कर दिया है। लेकिन अब तक जेडीए स्तर पर कोई फैसला नहीं हुआ है कि आगे काम कैसे होगा। 47 किमी लम्बी इस नदी के रखरखाव पर अगले 10 वर्ष में 206 करोड़ रुपए खर्च होने हैं, लेकिन अब तक काम पूरा न होने की वजह से जेडीए पैसा देने को तैयार नहीं है। जबकि, टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड प्रति माह नदी के रखरखाव पर सवा तीन करोड़ रुपए खर्च कर रहा है।

—-

रात में नींद तक नहीं आती

दुर्गंध और बदबू से हम सभी परेशान हैं। पिछले दो महीने से कचरे का ढेर नदी में लगा है। सफाई भी नहीं हो रही। फुटपाथ गायब हो चुके हैं। मरम्मत नहीं हुई तो और दिक्कत होगी।

-सौरभ

पानी का बहाव नहीं है। जलभराव होने से मौसमी बीमारियों का डर बना रहता है।

बच्चों से लेकर बड़ों को सोने में दिक्कत होती है। रात में दुर्गंध की वजह से नींद नहीं आ पाती।

-प्रेम सैनी

पहले हम नदी के काम की वजह से परेशान रहे। अब भी कोई राहत नहीं मिल रही है। यह नदी बीमारियों का घर बन चुकी है। दिवाली सिर पर है, लेकिन इसकी सफाई पर कोई ध्यान नहीं है।

-त्रिलोक चंद्र