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नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन: अब हिस्सा राशि 3 लाख रुपए और सदस्य संख्या होगी 300

सहकारिता विभाग ने नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के संशोधित आदेश जारी कर दिए हैं। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की ओर से की गई बजट घोषणा के बाद अब इनकी हिस्सा राशि को तीन लाख रुपए और सदस्य संख्या को 300 किया जाएगा।

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Rakhi Hajela

Mar 11, 2022

नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन: अब हिस्सा राशि  3 लाख रुपए और सदस्य संख्या होगी 300

नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन: अब हिस्सा राशि 3 लाख रुपए और सदस्य संख्या होगी 300

नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के संशोधन आदेश जारी
हिस्सा राशि को 3 लाख रुपए और सदस्य संख्या को 300 किया
वर्ष 2022-23 में 5 लाख नए किसानों को फसली ऋण वितरण से जोड़ा जाएगा
जयपुर।
सहकारिता विभाग Cooperative Department ने नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के संशोधित आदेश जारी कर दिए हैं। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की ओर से की गई बजट घोषणा के बाद अब इनकी हिस्सा राशि को तीन लाख रुपए और सदस्य संख्या को 300 किया जाएगा। सीएम ने बजट 2022-23 में ग्राम सेवा सहकारी समितियों के लिए निर्धारित अंशदान को 5 लाख रुपए से कम कर 3 लाख रुपए और न्यनूतम सदस्य संख्या को 500 से कम कर 300 करने की घोषणा की थी। विभाग ने इस पर त्वरित कार्यवाही करते हुए आदेश जारी कर दिए। सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने बताया कि अगले दो वर्षों में 4 हजार 171 ग्राम पंचायतों के मुख्यालयों पर नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन किया जाएगा। हमारी मंशा है कि हर ग्राम पंचायत पर ग्राम सेवा सहकारी समिति हो। उनका कहना था कि वर्तमान 7 हजार 133 पैक्स/लेम्पस से लगभग 67 लाख किसान इनके सदस्य रूप में लाभान्वित हो रहे हैं। ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के नियमों में संशोधन करने से छोट-छोटे किसान भी सहकारी संस्थाओं से जुड़ सकेंगे।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2022-23 में फसली ऋण वितरण का लक्ष्य 20 हजार करोड़ रुपए किया गया है जो वर्ष 2021-22 में 18 हजार 500 करोड़ रुपए था। एक अप्रेल 2022 से नए फसली ऋण वितरण की शुरुआत हो जाएगी। इस वर्ष 5 लाख नए किसानों को भी फसली ऋण वितरण में शामिल किया जाएगा।