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दीक्षारंभ : नवप्रवेशी छात्राओं का तिलक लगाकर किया स्वागत, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की दी जानकारी

कन्या महाविद्यालय में तीन दिवसीय दीक्षारंभ कार्यक्रम की शुरुआत

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शहडोल. महाविद्यालय में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को नए परिवेश में सहज महसूस कराने, संस्थान की विशिष्ट प्रकृति तथा संस्कृति को सीखने, अन्य छात्रों और संकाय सदस्यों के साथ आपसी समन्वय बनाने के उद्देश्य से तीन दिवसीय दीक्षारंभ कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इसी तारतम्य में सोमवार को प्रथम दिवस शासकीय इंदिरा गांधी गृह विज्ञान कन्या महाविद्यालय में तिलक लगाकर छात्राओं का स्वागत किया गया। इसके बाद पंजीयन की प्रक्रिया की गई।
कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर उद्घाटन सत्र में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ मुकेश तिवारी ने महाविद्यालय से संबंधित विभिन्न विषयों में मार्गदर्शन देते हुए छात्राओं के उज्जवल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त प्राध्यापक डॉ एसपी सिंह ने छात्राओं से अपने अनुभवों को साझा किया। उन्होंने छात्र जीवन में आने वाली विभिन्न गतिविधियों पर प्रकाश डाला। छात्राओं को शैक्षणिक अभिविन्यास एवं राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के विभिन्न पहलुओं की जानकारी कार्यक्रम समन्वयक डॉ. एमएस हक ने दी। इस अवसर पर बड़ी संख्या में नवप्रवेशित छात्राओं के साथ महाविद्यालय के प्राध्यापक, सहायक प्राध्यापक, अतिथि विद्वान, जनभागीदारी अतिथि विद्वान उपस्थित रहे। मंच संचालन डॉ रवीश ताजिर ने किया।

विश्वविद्यालय में दीक्षारंभ समारोह का आयोजन
पं. एसएन शुक्ल विश्वविद्यालय में सोमवार को दीक्षारंभ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर कुलगुरु ने पुष्प गुच्छ भेंट कर और तिलक लगाकर नव प्रवेशित विद्यार्थियों का स्वागत किया। नए सत्र में नवप्रवेशित विद्यर्थियों के लिए अभिप्रेरण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर डॉ मनीषा ने दीक्षारंभ कार्यक्रम की परिकल्पना और उसके उद्देश्य पर प्रकाश डाला। विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो रामशंकर ने कहा कि आज से आप विश्वविद्यालय के छात्र है और ज्ञान के इस मंदिर का प्रयोग कर अपने भविष्य को चहुमुखी विकास की ओर ले जा पाएंगे। नवीन शिक्षा नीति का उपयोग कर नई शिक्षा को जीवन मे उतारते हुए सम्पन्न और विकशित भारत की संकल्पना में अपना योगदान दे पाएंगे। प्रो प्रमोद पांडेय ने विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की परंपरा और किस तरह से अपने शिक्षण को गुणवत्ता पूर्ण बनाना है इसकी बारीकियों से छात्रों को परिचित कराया। प्रो महेंद्र भटनागर ने नवीन शिक्षा नीति विषयों का चयन और अवसर की पहचान कर उसे उपयोग करना और लक्ष्य की प्राप्ति करना इन सभी तथ्यों की जानकारी दी। अंत मे सभी विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों का भ्रमण कराया गया। कार्यक्रम में कुलसचिव प्रो आशीष तिवारी और विश्वविद्यालय के सभी प्राध्यापक उपस्थित रहे।