
camp in goverment hospital
श्रीगंगानगर.
श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले में पंजाब से आने वाले औद्योगिक दूषित पानी व कीटनाशी के उपयोग से कैंसर रोगियों की संख्या में हर वर्ष इजाफा हो रहा है।कैंसर के प्रथम चरण में रोगियों का यहां पर पहले उपचार की कोई व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में उन्हें उपचार के लिए बीकानेर या जयपुर जाना पड़ता था। अब जिला स्तर पर कीमोथेरपी शुरू होने पर इस गंभीर बीमारी से पीडि़त रोगियों को कुछ राहत मिलेगी।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग जल्द ही कैंसर मरीजों के लिए जिला स्तर पर कीमोथैरेपी शुरू करने जा रहा है। कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. दिनेश पेंढाकर दो माह बाद मरीजों को जांच के लिए जिला चिकित्सालय आएंगे। कैंसर रोग संबंधित प्रशिक्षण ले चुके डॉ. प्रमोद चौधरी जिला अस्पताल में नियमित सेवाएं देंगे। इस संबंध में बुधवार को जिला चिकित्सालय में विस्तार से चर्चा हुई और कैंसर जांच शिविर लगाया गया। इसमें 47 मरीजों की जांच की गई। इससे पूर्व एशियन कैंसर इंस्टीट्यूट मुम्बई से आए डॉ. पेंढाकर का पीएमओ डॉ. सुनीता सरदाना, डीसी डॉ. प्रेम बजाज, डॉ. प्रमोद चौधरी व नर्सिंग कार्मिक रवींद्र शर्मा आदि ने स्वागत किया।
पीएमओ डॉ. सुनीता सरदाना ने बताया कि बुधवार सुबह आठ से दस बजे तक डॉ. दिनेश पेंढाकर ने मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। जिला चिकित्सालय में 70 से अधिक लोगों ने रजिस्ट्रेशन करवाया। इन मरीजों की जांच डॉ. प्रमोद चौधरी करेंगे और डॉ. पेंढाकर से ऑनलाइन परामर्श कर उनका उपचार किया जाएगा। डॉ. पेंढाकर भी नियमित रूप से जिला अस्पताल प्रबंधन के संपर्क में रहेंगे, ताकि मरीज लाभान्वित हो सके।
वार्ड किया आरक्षित
जिला अस्पताल में कैंसर केयर यूनिट की स्थापना के साथ ही यहां चार बैड का कैंसर केयर वार्ड आरक्षित किया गया है। राज्य स्तर से दवाओं की मांग भी की गई है, जो शीघ्र मिल जाएंगी। इसके बाद जिला स्तर पर ही मरीजों को कीमोथैरेपी दी जा सकेगी। उल्लेखनीय है कि यहां छह नर्सिंग कार्मिकों की नियुक्ति की जा रही है। निश्चित ही आने वाले दिनों में कैंसर मरीजों, खासकर संभावित व प्राथमिक स्टेज के मरीजों को जिला स्तर पर ही राहत मिल सकेगी।
Published on:
4 Oct 2017, 9:41 PM IST
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