
राहुल गांधी एक्शन में बोले: मैँ नरेन्द्र मोदी नहीं, वायदा पूरा करता हूं मैँ
#Rahul Gandhi कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने दावा किया कि जितना पैसा भाजपा सरकार ने अडानी जैसे अरबपतियों को दिया है उतना पैसा हम हिन्दुस्तान के गरीबों के बैँक खाते में डालेंगे। सादुलशहर विधानसभा में सादुलशहर की धानमंडी में आयोजित जनसभा में राहुल गांधी का कहना था कि प्रदेश में सरकार बनी तो सात गारंटी योजनाएं लागू की जाएगी। इसमें दस हजार रुपए महिलाओं के खाते में जमा करवाएंगे। गांधी का कहना था कि मैं नरेन्द्र मोदी नहीं हूं, वायदा करके दिखाता हूं मैं। जो बोलता हूं वो करके दिखाता हूं। उन्होंने कहा कि राजस्थान में सारे बच्चे इंग्लिश मीडियम के स्कूलों में पढेंगे, इसका फायदा पचास प्रतिशत पिछड़े वर्ग के लोगों को सीधा मिलेगा। अपने साढ़े 23 मिनट के भाषण में करीब सत्रह मिनट पिछड़े वर्ग को तवज्जों देने के मुद़दे पर बोले। उन्हेांने कहा कि नरेन्द्र मोदी की योजनाओं में पैसा देश का हर नागरिक गरीब जीएसटी के रूप में दे रहा हैं लेकिन फायदा सिर्फ अड़ाणी जैसी 16 कंपनियों के लोग उठा रहे है। किसान की नब्ज टटोलते हुए गांधी का कहना था कि खाद लेनी हो फिर बीज, हर प्रकार की जीएसटी के रूप में वसूली हो रही है। उन्होंने कहा कि जब पूरे देश में पचास फीसदी पिछ़ड़़े वर्ग के लोग है फिर उनको बजट बनाने के लिए सिर्फ पांच प्रतिशत लोगों की भागीदारी क्यों है। सरकार फिर से आई तो जातिगत जनगणना करवाएंगे ताकि दूध का दूध और पानी का पानी सामने आ सके। दिल्ली में सरकार बनी तो पूरे देश में जातिगत जनगणना करवाएंगे ताकि यह पता चल सके कि कितने लोग ओबीसी, दलित और आदिवासी हैं।
मोदी से सवाल करो तो गरीब की जात
गांधी का कहना था कि जब मोदी ने चुनाव में अपनी जाति ओबीसी बताई लेकिन जब हमने पिछड़े वर्ग पर पार्लियामेंट पर सवाल पूछे तो मोदी ने गरीब जाति बताई। पूरे देश में पिछडे वर्ग की आबादी कितनी है, इस सवाल का जवाब किसी के पास नहीं है। लेकिन माना जाता है कि पचास प्रतिशत लोग पिछड़े वर्ग से है। लेकिन देश का बजट बनाने के लिए केन्द् सरकार में नब्बे आईएएस योजना बनाते है। इन आईएएस में ओबीसी या दलित या आदिवासी के अफसरों की गणना की जाएं तो महज तीन या एक प्रतिशत होगी।
तब लोग मर रहे थे वो बजवा रहे थे थाली
राहुल गांधी का कहना था कि कुछ साल पहले कोविड आया, सबके घर पर कोई न कोई बीमार हुआ। देश में लाखों लोग मर रहे थे। दवाईयों नहीं, लाशों के ढेर पड़े थे। देश के प्रधानमंत्री ने कहा कि थाली बजाओ। उसके बाद मोबाइल लाइट ऑन करो। गुजरात में हमने पता लगाया करीबन तीन साढे तीन लाख लोग कोविड के कारण मर गए। दिल्ली में मोदी थाली बजवाकर खानापूर्ति करते रहे जबकि राजस्थान में हमारी सरकार ने भीलवाड़ा में मॉडल् लागू कर कोरोना रोगियों को बचाने का काम किया। किसी को भूखा सोने नहीं दिया।
महज 36 मिनट में निपटी जनसभा
इस जनसभा के मंच पर राहुल गांधी के अलावा मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा, पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट आदि गुरुवार शाम 4 बजकर 17 मिनट पर पहुुंचे। राहुल गांधी के भाषण का समापन 4 बजकर 52 मिनट पर हुआ।
Published on:
16 Nov 2023 10:18 pm
