8 जुलाई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Petrol Scams: ये कैसा घोटाला? श्रीगंगानगर में पेट्रोल पंप पर 110 रु और दुकानों में 100 रु लीटर पेट्रोल

Petrol Scams in Rajasthan: श्रीगंगानगर में कई पेट्रोल पंपों पर ईंधन खत्म होने के बाद गलियों और दुकानों में 100 रुपए लीटर में संदिग्ध पेट्रोल की बिक्री शुरू हो गई। लोग बोतलों और जरीकेन से पेट्रोल खरीदते नजर आए। मिलावटी ईंधन से हादसे और इंजन खराब होने का खतरा बढ़ गया है।
2 min read
Google source verification
illegal petrol sale

सस्ते पेट्रोल से भरी बोतलें

श्रीगंगानगर. शहर के कई पेट्रोल पंप ड्राई होने के बाद गली-मोहल्लों में अवैध रूप से सस्ता पेट्रोल बेचने वालों की पौबारह हो गई। पेट्रोल नहीं मिलने की अफवाह फैलते ही बाइक और कार चालक दुकानों की ओर दौड़ पड़े। पेट्रोल पंपों की तुलना में कम कीमत पर मिलने वाले पेट्रोल के कारण यह अवैध कारोबार तेजी से बढ़ रहा है। बुधवार शाम कई पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल खत्म होने से अफरा-तफरी मच गई। जहां ईंधन उपलब्ध था, वहां वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस स्थिति के बीच कई लोग लाइन में लगने की बजाय दुकानों से पेट्रोल खरीदते नजर आए। रात 11 बजे तक कई स्थानों पर वाहनों में बोतलों और जरीकेन से पेट्रोल डाला जाता रहा।

मिलावट है इसलिए सस्ता है

श्रीगंगानगर में पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल 110.41 रुपए प्रति लीटर बिक रहा है, जबकि दुकानों पर यह 100 रुपए प्रति लीटर में उपलब्ध है। पहले लोगों का मानना था कि पंजाब से सस्ता पेट्रोल लाकर यहां बेचा जा रहा है, लेकिन अब पंजाब में भी पेट्रोल 101.08 रुपए प्रति लीटर होने के बावजूद यहां 100 रुपए में बिक्री हो रही है। दुपहिया वाहन मिस्त्री प्रमोद कुमार ने बताया कि यह पेट्रोल मिलावटी होने के कारण सस्ता है। इसमें एथेनॉल या अन्य ज्वलनशील पदार्थों की मिलावट की आशंका है। उन्होंने कहा कि ऐसे ईंधन से वाहनों के इंजन खराब हो सकते हैं।

रोजाना चार-पांच सौ रुपए की कमाई

एक दुकानदार ने बताया कि शहर का एक बड़ा कारोबारी अलग-अलग दुकानों तक पेट्रोल पहुंचाता है। उसने दावा किया कि इस धंधे से रोजाना चार-पांच सौ रुपए तक की कमाई हो जाती है। दुकानदार के अनुसार पेट्रोल की आपूर्ति करने वाला व्यक्ति इंदिरा कॉलोनी क्षेत्र का है, हालांकि उसे यह जानकारी नहीं कि ईंधन कहां से लाया जाता है और उसमें क्या मिलाया जाता है।

भंडारण बन सकता है हादसे का कारण

दुकानों में प्लास्टिक ड्रम और जरीकेन में पेट्रोल का भंडारण किया जा रहा है, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है। जिले में पहले भी अवैध डीजल भंडारण के कारण आगजनी की घटनाएं हो चुकी हैं। पेट्रोल-डीजल एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष ने बताया कि अब कंपनियां एडवांस भुगतान के बाद ही आपूर्ति कर रही हैं, जिससे कई पंपों पर संकट की स्थिति बन सकती है।

पेट्रोल-डीजल की किल्लत जैसी कोई स्थिति नहीं है। कुछ पेट्रोल पंप संचालकों और तेल कंपनियों के बीच भुगतान संबंधी समस्या के कारण आपूर्ति प्रभावित हुई है।
-कविता सिहाग, जिला रसद अधिकारी।