सिलवासा. खरना की पूजा के बाद शाम से 36 घंटे का निर्जला उपवास छठ पूजा के व्रतियों ने सोमवार से शुरू कर दिया। वहीं, मंगलवार शाम षष्ठी पूजा में सूर्य को अघ्र्य के दौरान दमणगंगा नदी के विभिन्न घाट समेत अन्य स्थलों पर पुलिस बंदोबस्त किया गया है।
छठ पूजा के मद्देनजर पुलिस अधीक्षक शरद भास्कर दराड़े के आदेश से थानाधिकारी केबी महाजन एवं उनकी टीम ने दमणगंगा नदी के घाट पर पूजा वाले स्थलों का दौरा किया। शांतिपूर्ण पूजा-अर्चना के लिए पूजा स्थलों पर जवान तैनात किए गए है। छठ पूजा के दौरान भीड़भाड़ व सुरक्षा को ध्यान में रख शहर में होमगार्ड, कांस्टेबल, हेड कांस्टेबल एवं निरीक्षकों की छुट्टी रद्द की गई है और अथाल, डोकमर्डी, पिपरिया, बाविसा फलिया में जवानों की ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा दादरा, नरोली, मसाट, रखोली, कराड़, मधुबन, बिन्द्राबीन में विभिन्न घाटों पर पुलिस गश्त भी तेज की गई है। प्रदेश के शहर और गांवों में अधिकतर व्रतियों ने पूजा की तैयारी कर ली है। बाजार से व्रतियों ने सूप, टोकरी, फल, गन्ना आदि जरूरी पूजा-सामग्री की खरीदारी की। सोमवार को खरना के बाद शाम से व्रतियों ने 36 घंटे का उपवास शुरू कर दिया और दमणगंगा नदी के विभिन्न घाटों पर श्रद्धालुओं का जमघट लगने लगा है। उत्तर भारतीय संगठनों ने सूर्य पूजा के लिए घाटों पर साफ-सफाई, रोशनी, पेयजल, प्राथमिक उपचार एवं पूजन सामग्री की व्यवस्था की है। रात को पूजा स्थलों पर धार्मिक कार्यक्रम रखे है।