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वाटर बर्थ के जरिए सूरत में पहली प्रसूति

संग्रामपुरा की गर्भवती महिला ने स्वस्थ बच्चे को दिया जन्म

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वाटर बर्थ के जरिए सूरत में पहली प्रसूति

वाटर बर्थ के जरिए सूरत में पहली प्रसूति

सूरत.

शहर स्वास्थ्य सेवाओं में नए-नए आयाम स्थापित कर रहा है। अब वाटर बर्थ की सुविधा भी गुजरात में पहली बार सूरत में शुरू हुई है। चेरिश हॉस्पिटल एंड फर्टिलिटी सेंटर में संग्रामपुरा निवासी गर्भवती महिला ने डॉ. डिंपल छतवाणी के देखरेख में वाटर बर्थ सुविधा से स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया।

अलथाण-भीमराड क्रॉसिंग के पास वीआईपी गेलेरिया में दूसरी मंजिल पर स्थित चेरिश हॉस्पिटल एंड फर्टिलिटी सेंटर में वाटर बर्थ की सुविधा शुरू की गई है। गुजरात में इस तरह का यह पहला सेंटर है। सगरामपुरा की गर्भवती महिला सईदा शेख की प्रसूति वाटर बर्थ से एक स्वस्थ नवजात को जन्म दिया।

डॉ. डिंपल छतवाणी ने बताया कि लोगों के मन में सवाल होगा की वाटर जन्म क्या है? तो जल जन्म गर्म पानी के टब में जन्म देने की प्रक्रिया है। जल जन्म के पीछे का सिद्धांत यह है कि बच्चा पहले से ही एमनियोटिक द्रव थैली में नौ महीने से है, उसी तरह के वातावरण में जन्म देना बच्चे के लिए कोमल और मां के लिए कम तनावपूर्ण होता है। डॉ. डिंपल ने बताया कि वाटर जन्म के कारण एक अधिक आरामदायक जन्म के अनुभव के साथ कम श्रम लगता है और दर्द की दवा की कम जरूरत होती है।