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3.92 करोड़ की धोखाधड़ी : उधार लिया माल अन्य शहरों में नकद बेच कर पार्टी फरार

3.92 करोड़ की धोखाधड़ी : उधार लिया माल अन्य शहरों में नकद बेच कर पार्टी फरार- सचिन के मिल संचालक समेत दो जनों के खिलाफ मामला दर्ज # बैंगलुरू की पार्टी 44.90 लाख की धोखाधड़ी का आरोप
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मिलेनियम मार्केट से पार्टी फरार! राजस्थान की पार्टी ने नहीं किया पैमेंट

मिलेनियम मार्केट से पार्टी फरार! राजस्थान की पार्टी ने नहीं किया पैमेंट

सूरत. सात कारोबारियों से 3.92 करोड़ रुपये का कपड़ा उधार लिया और उसे लुधियाना समेत अन्य शहरों की पार्टियों को नकद बेच कर पार्टी फरार हो गई। इस संबंध में क्राइम ब्रांच की इको सेल ने एक मिल संचालक समेत दो के मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।

पुलिस के मुताबिक, आरोपी ग्लोबल मिल संचालक पंकज सचदेवा व पीपलोद निवासी सरीन चेवली ने साथ मिलकर नियोजित साजिश के तहत सिटीलाइट सूर्या कॉम्लेक्स निवासी कौशल राठी व अन्य व्यापारियों के साथ धोखाधड़ी की।

दलाल की भूमिका अदा करने वाले सरीन ने नवम्बर 2020 में पंकज का कौशल व अन्य व्यापारियों से संपर्क करवाया था और उनसे कुल 3.92 करोड़ रुपए का कपड़े के ऑर्डर दिए थे। पंकज ने उनसे लिया कपड़ा पंजाब के लुधियाणा व उत्तरप्रदेश के सहारनपुर की अलग अलग पार्टियों को भेज दिया था।

उनसे नकद भुगतान भी ले लिया, लेकिन कौशल व अन्य कारोबारियों को उसका भुगतान नहीं किया। वह उन्हें टालता रहा। इस बीच उसने अपना फ्लैट बेच दिया और कार्यालय बंद कर फरार हो गया।

व्यपारियों ने सरीन से पैमेंट मांगा तो वह उन्हें आत्महत्या की धमकियां देने लगा। इस पर कौशल व अन्य व्यापारियों ने क्राइम ब्रांच ने लिखित शिकायत दी। जिसके आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया।
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बैंगलुरू की पार्टी 44.90 लाख की धोखाधड़ी का आरोप

सूरत. रिंग रोड स्थित शिव शक्ति टेक्सटाइल मार्केट के व्यापारी ने बैंगलुरू की एक पार्टी पर 44.90 लाख की धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए सलबातपुरा थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई है।

पुलिस के मुताबिक बैंगलूरु में कारोबार करने वाले प्रेमाराम जाट ने गोडादरा रघुनंदन रो हाउस निवासी व्यापारी मदनलाल परिहार के साथ धोखाधड़ी की। 2018 में प्रेमाराम ने उनसे संपर्क कर व्यापारिक संबंध बनाए।

फिर शिवशक्ति टेक्सटाइल मार्केट में स्थित उनकी दुकान से कपड़ा उधार लेना शुरू कर दिया। मदनलाल उसे जितना कपड़ा भेजते थे। उसका आधा भुगतान आ जाने पर अगले ऑर्डर का माल भी भेज देते थे।

इस तरह से उसने बड़े आर्डर देते हुए कुल एक करोड 70 लाख 48 हजार 627 रुपए की माल खरीदा। उसमें से टुकड़ों में 1 करोड़ 25 लाख 58 हजार 494 रुपए का भुगतान किया।

बकाया 44.90 लाख का भुगतान नहीं किया। कुछ समय टालमटोल करता रहा। फिर मोबाइल फोन बंद कर फरार हो गया।
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