13 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

GSEB : आखिरकार प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थी जून में देंगे 12वीं गुजरात बोर्ड परीक्षा

खबर का असर : - स्कूल की मान्यता रद्द होने पर मार्च में परीक्षा नहीं दे पाए थे, तीन महीने चली लड़ाई

2 min read
Google source verification
surat

GSEB : आखिरकार प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थी जून में देंगे 12वीं गुजरात बोर्ड परीक्षा

सूरत.

तीन महीने की लड़ाई के बाद रांदेर में ताड़वाड़ी के प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थियों के लिए गुजरात माध्यमिक एवं उच्चतर माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से खुशखबरी आई है। बोर्ड ने 12वीं सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों की परीक्षा आयोजित करने की घोषणा की है। शुक्रवार को इस वर्ग के विद्यार्थियों के परीक्षा फॉर्म भरे गए। राजस्थान पत्रिका ने प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थियों को न्याय दिलाने के लिए लगातार खबर प्रकाशित की। इसका असर यह हुआ कि गुजरात बोर्ड ने विद्यार्थियों की परीक्षा लेने का निर्णय कर परिपत्र जारी किया है।
गुजरात बोर्ड की ओर से मार्च में 10वीं और 12वीं की परीक्षा ली गई थी। प्रभाततारा स्कूल के 10वीं और 12वीं के विद्यार्थी इस परीक्षा में बैठ नहीं पाए थे। सात मार्च को गुजरात बोर्ड परीक्षा शुरू होने से एक दिन पहले प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा के लिए अमान्य करार दिया गया था। विद्यार्थियों को गुजरात बोर्ड का हॉल टिकट नहीं दिया गया। विद्यार्थी और अभिभावक 6 मार्च की शाम अठवा लाइंस में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय पहुंचे। देर रात तक विद्यार्थी परीक्षा के लिए अनुमति मांगते रहे, लेकिन वह परीक्षा नहीं दे पाए। स्कूल को गुजरात बोर्ड की ओर से मान्यता नहीं मिलने के कारण यह समस्या खड़ी हुई। स्कूल को बाद में बंद करवा दिया गया। विद्यार्थियों से तरह-तरह के वादे किए गए, लेकिन राहत नहीं मिली। राजस्थान पत्रिका ने विद्यार्थियों की समस्या को प्रकाशित कर जिला शिक्षा अधिकारी और गुजरात बोर्ड को जगाने का प्रयास किया। राजस्थान पत्रिका की खबरों का असर यह हुआ कि 12वीं सामान्य वर्ग के 12 विद्यार्थियों के लिए गुजरात बोर्ड ने विशेष परीक्षा आयोजित करने की घोषणा की है। बोर्ड ने जिला शिक्षा अधिकारी के नाम परिपत्र जारी किया है। इसमें प्रभाततारा के 12वीं सामान्य वर्ग के 12 विद्यार्थियों की 26 से 29 जून तक विशेष परीक्षा आयोजित करने की घोषणा की गई है। विद्यार्थियों से परीक्षा के फॉर्म भरवा कर 5 जून तक बोर्ड कार्यालय में जमा करवाने का आदेश दिया गया है। इन विद्यार्थियों को न्याय दिलवाने के लिए रांदर के विद्याकुंज स्कूल के संचालक महेश पटेल ने भी काफी प्रयास किए। गुजरात बोर्ड की ओर से आदेश मिलते ही शुक्रवार को विद्याकुंज स्कूल परिसर में 12वीं सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों ने परीक्षा फॉर्म भरे।

10वीं के विद्यार्थियों को भी न्याय का इंतजार
प्रभाततारा के 10वीं के 33 विद्यार्थियों को अब तक न्याय का इंतजार है। स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट के कारण इनके परीक्षा फॉर्म भरने में दिक्कत आ रही है। जब तक यह समस्या नहीं सुलझेगी, तब तक 10वीं के विद्यार्थी बोर्ड के फॉर्म भर नहीं पाएंगे।

डीइओ ने झाड़ लिया था पल्ला
प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थियों के मामले से जिला शिक्षा अधिकारी ने पल्ला झाड़ लिया था। मार्च में 10वीं और 12वीं के विद्यार्थी अभिभावकों के साथ जिला शिक्षा अधिकारी से बोर्ड परीक्षा और एनआइओएस की परीक्षा को लेकर मिलने पहुंचे थे, लेकिन उनकी उम्मीद पर पानी फिर गया। विद्यार्थियों ने बताया कि मात्र एक विद्यार्थी को जिला शिक्षा अधिकारी ने कार्यालय में बुलाया। उसने विद्यार्थियों की परीक्षा और भविष्य को लेकर न्याय दिलाने की मांग की तो जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि वह कुछ नहीं कर सकते। विद्यार्थियों को जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से मायूस लौटना पड़ा था।

गुजरात बोर्ड ने प्रभाततारा स्कूल के विद्यार्थियों के लिए जून में विशेष परीक्षा आयोजित करने का परिपत्र जारी किया है। परिपत्र मिलते ही 12वीं सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों के परीक्षा फॉर्म भरवाए गए हैं।
महेश पटेल, संचालक, विद्याकुंज स्कूल