सूरत. उधना सिलीकॉन शॉपर्स स्थित आंगडिया पेढी़ में लूट की साजिश छह माह पूर्व रची गई थी। पुलिस ने मास्टर माइंड समेत इस साजिश में लिप्त तीन जनों को गिरफ्तार किया हैं, जबकि दो अन्य अभी भी फरार है।डीसीपी जोन-2 भागीरथ गढ़वी ने बताया कि लूट की साजिश मुंबई निवासी मास्टर माइंड अमित सिंह ने रची थी। उसी ने अहमदाबाद निवासी बबलू सिंह उर्फ राजूसिंह व लिम्बायत निवासी ध्रुवनारायण सिंह व फरार जोगीन्दर गौड़ उर्फ योगी व साहिल अग्रवाल उर्फ गुड्डू को इसमें शामिल किया था।
गत 13 सिम्तम्बर को उन्होंने लूट की साजिश को अंजाम दिया। नियोजित साजिश के तहत वे सचिन से ऑटो रिक्शा में उधना तीन रस्ता पर आए। वहां अमितसिंह ने बबलू को चाकू व जोगीन्दर को तमंचा दिया। अमित और साहिल दोनों दूर खड़े रहे। बबलू व जोगीन्दर दोनों सिलीकॉन शॉपर्स में पहली मंजिल पर स्थित पटेल अंबालाल आंगडिया पेढ़ी में घुसे। उन्होंने दरवाजा अंदर से बंद कर दिया।
वहां मौजूद कर्मचारी को तमंचा दिखा कर नकदी बैग में भरने के लिए कहा। कर्मचारी ने उनका प्रतिरोध किया तो बबलू ने चाकू से उस पर हमला कर उसे काबू करने की कोशिश की। कर्मचारी उनके काबू में नहीं आया तो वे चाकू से वार कर भागने लगे। कर्मचारी ने लोगों की मदद से बबूल को कपड़ लिया। जोगीन्दर वहां से भाग निकला।
घटना की सूचना मिलने पर पुलिस निरीक्षक एसएन देसाई पुलिस की टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने टीम ने बबलू से पूछताछ के बाद ध्रुवनारायण सिंह को पकड़ा और एक टीम मुंबई भेजी कर अमितसिंह को पकड़ा। साहिल व जोगीन्दर की तलाश में भी टीमें भेजी लेकिन उनका ठोस सुराग नहीं मिला।
जेल में बनाया था सूरत में बड़ी लूट का प्लान
ध्रुवनारायण सिंह व अमितसिंह हिस्ट्रीशीटर हैं। अमितसिंह खटोदरा में बहुत ;र्चित मुन्ना भरवाड़ हत्याकांड में पकड़ा जा चुका है। ध्रुवनारायण उधना व उमरा थानों में डकैती, लूट व वाहनचोरी के मामलों में पकड़ा जा चुका है। छह माह पूर्व जेल में रहने के दौरान ही उन्होंने छूटने के बाद सूरत में बड़ी लूट का प्लान बनाया था। ध्रुवनारायण ने ही उन्हें सिलीकॉन शॉपर्स में स्थित आंगडिया पेढि़यों को निशाना बनाने की टिप दी थी।
एक दिन पहले की थी रेकी
अमितसिंह, साहिल व जोगीन्दर ने मिल कर लूट को अंजाम देने से एक दिन पहले ही सिलीकॉन शॉपर्स में रकी थी। दोपहर के समय उन्होंने पटेल अंबालाल आंगडिया पेढ़ी की रेकी की। उसके बाद अमितसिंह ने जोगीन्दर व राजू को बताया कि दोपहर में एक जना ही कार्यालय में रहता है। उसे चाकू व तमंचा दिखा कर काबू कर लेना। नकदी बैग में भरवा कर उधना स्टेशन पर मिलना। वहां से हम मुंबई भाग जाएंगे।