27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

surat news : एमपी की चीखोड़ा गैंग का वांछित सदस्य लसकाणा से गिरफ्तार

- 11 दुपहिया वाहन बरामद, कुल 21 मामलों का भेद खुला

2 min read
Google source verification
surat news : एमपी की चीखोड़ा गैंग का वांछित सदस्य लसकाणा से गिरफ्तार

surat news : एमपी की चीखोड़ा गैंग का वांछित सदस्य लसकाणा से गिरफ्तार

सूरत. मध्यप्रदेश के अलीराजपुर क्षेत्र की चीखोड़ा गैंग के एक वांछित सदस्य को क्राइम ब्रांच ने लसकाणा इलाके से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने वाहनचोरी के 21 मामलों का भेद उजागर कर उसके कब्जे से 11 मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी नजरिया तोमर उर्फ नजरू (27) हिस्ट्रीशीटर है तथा चीखोड़ा गैंग से जुड़ा है।

इस गिरोह के लोग सूरत समेत गुजरात के विभिन्न शहरों में दुपहिया वाहनों की चोरी करते है। नजरिया भी वाहनचोरी के 14 अलग अलग मामलों में पकड़ा जा चुका हैं। इन मामलों में रिहा होने के बाद वह अपने साथियों के साथ फिर से सक्रिय हो गया था। उसने अपने एक साथी के साथ मिल कर शहर के अलग थानाक्षेत्रों से सात वाहन चुराए थे।

गत वर्ष क्राइम ब्रांच ने उसके साथी को तो गिरफ्तार कर लिया था। नजरिया फरार हो गया था, तब से पुलिस को उसकी तलाश थी। इस बीच क्राइम ब्रांच के पुलिस उप निरीक्षक आर.एस.पटेल को मुखबिर से सूचना मिली कि वह लसकाणा में घूम रहा है। पुलिस ने टीम ने सूचना की तस्दीक कर उसे गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से चोरी की एक मोटरसाइकिल बरामद हुई। थाने लाकर की गई पूछताछ में उसने 20 और मोटरसाइकिलों की चोरी करना कबूल किया। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर सूरत शहर के सीमावर्ती इलाकों में विभिन्न स्थानों पर छिपा कर रखी गई 10 और मोटरसाइकिलें बरामद की। शेष 10 मोटरसाइकिलें उसने मध्यप्रदेश के अलीराजपुर क्षेत्र में बेच दी थी।

ऐसे काम करती है चीखोड़ा गैंग

पुलिस ने बताया कि चीखोड़ा गैंग मध्यप्रदेश के अलीराजपुर क्षेत्र के कई सदस्य सक्रिय हैं। ये लोग सुबह अलीराजपुर से बस में सवार होकर शाम को सूरत पहुंचते हैं। रात में शहर के सीमावर्ती इलाकों में घूम कर रेकी करते हैं। फिर सुबह करीब चार बजे मोटरसाइकिल चुरा कर उसे नेशनल हाइवे के आस-पास कहीं पर छिपा देते है, उसके बाद मोटरसाइकिल के लिए ग्राहक ढूंढते है। यदि कोई ग्राहक मिल जाता है तो उसे बेच देते है। यदि कोई ग्राहक नहीं मिलता तो मोटरसाइकिल को लेकर अलीराजपुर चले जाते है, वहां किसी को औने-पौने दामों में बेच देते हैं।