
दक्षिण भारत में श्री कृष्ण के अनोकों मंदिरों में से एक बहुप्रसिद्ध व अनोखा मंदिर उडुपी कृष्ण मंदिर ( Udupi krishna mandir ) है। उडुपी का कृष्ण मंदिर कर्नाटक राज्य का एक गांव है। इस मंदिर में हर साल हजारों श्रद्धालु भगवान कृष्ण की एक झलक पाने के लिए आते हैं। मंदिर में कृष्ण के दर्शन नौ छेदों के द्वारा किए जाते हैं। श्री कृष्ण की मूर्ति बहुत ही सुंदर और मनमोहक है, जिसके दर्शन पाकर भक्त अपने आपको बहुत ही भाग्यशाली मानते हैं। मान्यताओं के अनुसार नौ छेद से प्रभु को देखना जीवन में समृद्धि लाता है। भगवान कृष्ण की मूर्ति पर सजावट बहुत ही सुंदर है। कभी कभी यह सुनहरे जेवरातों के साथ और अगले दिन हीरे के कवच के साथ सजाया जाता है।
जन्माष्टमी पर विशेष पूजा
यूं तो इस प्रसिद्ध कृष्ण मंदिर में हर दिन ही भक्तों की भीड़ लगी रहती है, लेकिन जन्माष्टमी के दिन यहां की शोभा देखते ही बनती है। उस दिन पूरे मंदिर को फूलों और रंग बिरंगी रोशनियों से सजाया जाता है। उस दिन भगवान के दर्शन करने के लिए भक्तों का अपार जनसमूह उमड़ता है और इस वजह से लोगों को उनकी एक झलक के लिए 3 से 4 घंटे तक इंतजार करना पड़ता है। इस स्थान को दक्षिण की मथुरा भी कहा जाता है।
इस समय कर सकते हैं मंदिर में दर्शन
उडुपी के श्री कृष्ण मंदिर में दर्शन के लिए कोई निर्धारित समय नहीं है। एक भक्त सुबह 6.30 बजे से 1.30 बजे के बाद कभी भी मंदिर आ सकता है। ज्यादातर सुबह की पूजा सुबह 9 से दोपहर 12 बजे के बीच की जाती है। शाम को, यदि कोई दर्शन करना चाहता है, तो वह शाम 5 बजे से हो सकते हैं।
मंदिर से जुड़ी है अनोखी कथा
उडुपी कृष्ण मंदिर को लेकर एक अनोखी कहानी प्रचलित है, जिसके अनुसार एक बार भगवान कृष्ण के अन्नय भक्त कनकदास को मंदिर में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई थी। इस बात से वे बहुत दुखी हुए और मंदिर के पिछवाड़े में जाकर अश्रु पूरित नेत्रों के साथ तन्मयता से भगवान की प्रार्थना करने लगे। भगवान कृष्ण से उनकी पीड़ा से अत्यंत दुखी हुए और उनकी भक्ति से इतने प्रसन्न हुए कि उन्हें दर्शन देने के लिए उन्होंने मठ में स्थित मंदिर के पीछे एक छोटी सी खिड़की बना दी। बस तभी से आज तक भक्त उसी खिड़की के माध्यम से श्री कृष्ण की पूजा करते हैं।
कैसे पहुंचे उडुपी कृष्ण मंदिर
ट्रेन से ऐसे पहुंचें- उडुपी रेलवे स्टेशन कृष्ण मंदिर से 3 किमी की दूरी पर है। यहाँ से बसें और टैक्सियाँ भी मंदिर के लिए उपलब्ध हैं। उडुपी मंदिर के करीब मंगलौर रेलवे स्टेशन हैं। आप चाहें तो यहां से कैब या टैक्सी भी मंदिर के लिए मिल जाएंगी।
हवाई मार्ग से ऐसे पहुंचें- मंगलोर उडुपी का निकटतम हवाई अड्डा है। कोई बैंगलोर से मैंगलोर के लिए सीधी उड़ान पकड़ सकता है, जहां से उडुपी के लिए टैक्सी किराए पर ली जा सकती है।
सड़क मार्ग से ऐसे पहुंचें- KSRTC, साथ ही निजी बसें, मंगलौर और उडुपी के बीच अक्सर चलती हैं। यहां पहुंचने के लिए आप निजी टैक्सी या टैक्सी किराए पर ले सकते हैं।
Published on:
21 Aug 2019 05:59 pm
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