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MP गजब है! 6 साल पहले मर चुके व्यक्ति को मिलती रही पेंशन, सिस्टम बेखबर

MP News: चार साल तक मृतक के खाते में पेंशन जाती रही और किसी को भनक तक नहीं लगी। अब खुलासे के बाद पंचायत की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।

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Is the UPS deadline extended?, How many opted UPS till now?, Which is better UPS or NPS?, क्या यूपीएस की समय सीमा बढ़ा दी गई है?, अब तक कितने UPS चुने?,

NPS से UPS में जाने की अंतिम तारीख कल है। (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)

Pension Scam: एक और कई जीवित पात्र व्यक्ति जहां वृद्धावस्था पेंशन सहित अन्य पेंशन के लिए एक कार्यालय से दूसरे कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं तो वहीं निवाड़ी जिले के शक्तिभैरव गांव में एक मृत व्यक्ति के खाते में चार साल तक पेंशन जाती रही। जनसुनवाई में यह हैरानी वाला मामला सामने आने पर कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ने इसकी जांच के निर्देश जिला पंचायत सीईओ को दिए हैं। (MP News)

कलेक्टर ने जनसुनवाई में खुलासा

जिला पंचायत उपाध्यक्ष गयादीन अहिरवार ने ग्रामीणों के साथ जनसुनवाई में कलेक्टर से शिकायत करते हुए बताया कि ग्राम पंचायत शक्ति भैरव में तत्कालीन पंचायत सचिव श्याम सुंदर चौरसिया की लापरवाही से सन 2019 में मृत व्यक्ति के खाते में 4 साल तक पेंशन आती रही। यह मामला अधिकारियों के संज्ञान में आने के बाद भी लापरवाह कर्मचारियों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।

उनका कहना था कि यदि ऐसी ही लापरवाहियों पर पर्दा डाला जाता रहा तो ऐसे में कर्मचारियों के भी हौसले बुलंद होंगे। इसकी शिकायत होने पर जनपद सीईओ ने 13 मार्च को नोटिस जारी किया था। जवाब न मिलने पर 20 मार्च को अंतिम नोटिस जारी किया गया। इसके बाद कोई कार्रवाई नहीं की गई। (MP News)

यह है मामला

शक्ति भैरव के तत्कालीन सचिव श्यामसुन्दर चौरसिया की लापरवाही से तुलसा पत्नी डरेले कोरी के खाते में उनकी मृत्यु के चार साल बाद तक पेंशन आती रही। बताया जा रहा है कि तुलसा की मृत्यु 17 मई 2019 को हुई थी। तुलसा की मृत्यु के बाद सचिव की जिम्मेदारी थी कि वह इसकी सूचना सामाजिक सुरक्षा अधिकारी को देकर पेंशन बंद कराते। विदित हो कि हर माह होने वाली समीक्षा बैठक में इसे लेकर अधिकारियों द्वारा निर्देश भी दिए जाते हैं। साथ ही सभी पेंशनर्स का हर साल जीवित रहने का सत्यापन भी किया जाता है। (MP News)