18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अस्पताल में मचा हडकम्प, निरीक्षण में 15 में से 7 डॉक्टर मिले नदारद, पर्ची पर बाहर की लिखी दवा देख एसडीओ ने डॉक्टर को लगाई फटकार

कई मरीजों के पास तो चिकित्स के घर पर दिखाई गई पर्चियां मिली। जबकि ये नियमों के खिलाफ है।  

2 min read
Google source verification
जानकारी लेते उपखण्ड अधिकारी

टोंक. मरीजों से जानकारी लेते उपखण्ड अधिकारी।

टोंक. जिले के राजकीय अस्पतालों में अव्यवस्थाओं का अम्बार है। मरीज व उनके परिजन आए दिन शिकायतें करते हैं। ऐसी ही शिकायतों पर जिला कलक्टर सुबेसिंह यादव के निर्देश पर गुरुवार सुबह 9 बजे मातृ एवं शिशु चिकित्सालय पहुंचे उपखण्ड अधिकारी प्रभातीलाल जाट को कई अव्यवस्थाएं मिली। प्रभाती लाल जाट उस समय चौंक गए जब सभी प्रकार की जांचें नि:शुल्क होने के बावजूद मरीज बाहर से निजी लैब पर जांच करा रहे हैं।

मरीजों के पास दवाइयों की पर्चियां भी बाहर की मिली। कई मरीजों के पास तो चिकित्स के घर पर दिखाई गई पर्चियां मिली। जबकि ये नियमों के खिलाफ है। अस्पताल परिसर तथा शौचालयों में गंदगी मिली। इस पर उपखण्ड अधिकारी ने सफाई ठेकेदार तथा चिकित्सकों को फटकार लगाई। निरीक्षण के दौरान मातृ शिशु चिकित्सालय में 300 में से 32 कार्मिक तथा 15 में से 7 चिकित्सक नदारद मिले।

इसके बाद किए गए सआदत अस्पताल के निरीक्षण में कार्मिक तो सभी मिले, लेकिन 27 में से एक चिकित्सक अनुपस्थित मिला। अनुपस्थित मिले चिकित्सक तथा कार्मिकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए उपखण्ड अधिकारी ने जिला कलक्टर को रिपोर्ट दी है।

सब फ्री तो बाहर से दवा क्यों
उपखण्ड अधिकारी ने मातृ एवं शिशु चिकित्सालय के वार्ड में मरीजों से बात की। उन्होंने जब मरीजों की पर्चियां देखी तो उसमें बाहर की दवाइयां लिखना पाया गया। उनकी अधिकतर जांच भी निजी लैब से कराई गई पाई गई। उपखण्ड अधिकारी ने कहा कि जब सरकार सभी प्रकार की सुविधाएं फ्री दे रहे हैं तो मरीज बाहर से दवाइयां तथा जांच क्यों करा रहे हैं।

ऐसे कराने वाले चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि चिकित्सालय में मरीजों से प्रसव के दौरान राशि लेने तथा समय पर उपचार नहीं करने की लगातार शिकायतें जिला कलक्टर को मिल रही थी। ऐसी ही एक प्रसूता से राशि लेने की शिकायत बुधवार रात जिला कलक्टर से की गई थी।

इसके बाद कलक्टर ने उपखण्ड अधिकारी को निरीक्षण करने के निर्देश दिए। इसमें सामने आया कि अस्पताल में भारी अव्यवस्थाएं हैं। उपखण्ड अधिकारी ने बताया कि मामले की रिपोर्ट बनाकर जिला कलक्टर को दी जाएगी, जिससे दोषियों पर कार्रवाई हो सके।


बड़ी खबरें

View All

टोंक

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग