उल्लेखनीय है कि एक पक्ष के महेन्द्र की ओर से राजू, भगवानदास, राजू, कैलाश व संजय के खिलाफ रास्ते में रोककर हथियारों से हमला करना तथा दूसरे पक्ष के भगवानदास ने शिवा, महेन्द्र, लोकेश, रोहित तथा रवि के खिलाफ इसी प्रकार हमला करने का मामला दर्ज कराया गया था।