22 मार्च 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

घटने लगा बीसलपुर बांध का गेज

राजमहल. बीसलपुर बांध के कैचमेंट एरिया व जलभराव क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से मानसून की बेरुखी के चलते बारिश नहीं होने के कारण बांध में पानी की आवक भी घटने लगी है।

2 min read
Google source verification

टोंक

image

Jalaluddin Khan

Aug 16, 2021

घटने लगा बीसलपुर बांध का गेज

घटने लगा बीसलपुर बांध का गेज

घटने लगा बीसलपुर बांध का गेज
राजमहल. बीसलपुर बांध के कैचमेंट एरिया व जलभराव क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से मानसून की बेरुखी के चलते बारिश नहीं होने के कारण बांध में पानी की आवक भी घटने लगी है।


हालांकि पिछले दस दिन पूर्व बांध के करीबी क्षेत्र में लगातार दस दिन तक हुई झमाझम बारिश के चलते ऊफान पर आए पहाड़ी नालों व बजरी के अंदर चल रहे पानी के फ्लों से बांध में पानी की मामूली आवक जारी थी।

जिससे बीते चार दिनों से जितना पानी बांध में रोजाना आ रहा था उतना ही पानी बांध से प्रतिदिन जयपुर, अजमेर व टोंक सहित इनसे जुड़े सैकड़ों गांव व कस्बों में हो रही जलापूर्ति के दौरान निकासी के चलते बांध का गेज बीते चार दिनों से यथास्थिति मेें बना हुआ था।


अब तेज गर्मी से हो रहे वाष्पीकरण व जलापूर्ति को लेकर बांध का गेज घटने लगा है। बांध के कन्ट्रोल रूम के अनुसार बांध का गेज पिछले चार दिनों से जलापूर्ति व वाष्पीकरण के दौरान निकासी के बाद गेजरविवार शाम तक 310.82 आर एल मीटर पर स्थिर बना हुआ था।


जिसमें 13.342 टीएमसी पानी का भराव था, जो सोमवार सुबह 8 बजे तक एक सेमी घटकर 310.81 आर एल मीटर रह गया है, जिसमें 13.306 टीएमसी का भराव रह गया है। इसी प्रकार बारिश के अभाव में त्रिवेणी का गेज भी दिनोदिन घटने लगा है। त्रिवेणी का गेज दस सेमी घटकर 3.10 मीटर रह गया है। बांध क्षेत्र में बीते 24 घंटो के दौरान बारिश शून्य रही है।

36 घंटे बंद रहेगी 100 से अधिक गांवों की जलापूर्ति
बीसलपुर-टोंक-उनियारा पेयजल परियोजना से जुड़े आवां, घाड़, उनियारा, नगरफोर्ट कस्बों से जुड़े 100 से अधिक गांवों की जलापूर्ति सोमवार सुबह से अगले 36 घंटों तक बंद रहेगी।


पेयजल परियोजना पर रखरखाव का कार्य देख रही एलएण्डटी कम्पनी के राजमहल फिल्टर प्लांट के प्रोजेक्ट मैनेजर शादाब खान ने बताया कि गत दिनों हुई झमाझम बारिश के कारण कई जगहों पर वॉल्व में मिट्टी आदि फंसने के चलते कुछ गांवों में पर्याप्त पानी नहीं पहुंच रही थी, जिससे लोगों को पेयजल को लेकर परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।


जिसे सुचारू करने के लिए घाड़ कस्बे के करीब लगे बटर फ्लाई वॉल्व की मरम्मत का कार्य किया जाएगा, जिससे उक्त कस्बों से जुड़े सभी गांवों की जलापूर्ति सोमवार से अगले 36 घंटे तक बंद रहेगी।