
शीतलहर से टमाटर की तैयार फसल चौपट , किसानों को होगा आर्थिक नुकसान
मालपुरा. उपखण्ड के अम्बापुरा, टोरडी, गोलीपुरा, जनकपुरा, रिण्डल्या, पीमूण, कस्बा मालपुरा सहित आस-पास के गांवों में बोई गई टमाटर की फसल शीतलहर के चपेट में आने से नष्ट होने लगी है।
इसके चलते किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। टोरडी के भंवरलाल मुवाल, गोलीपुरा के केदार सैनी सहित किसानों ने बताया कि उपखण्ड क्षेत्र में लगभग 500 बीघा में टमाटर फसल की बुवाई की गई थी।
जिससे किसानों को प्रति वर्ष एक बीघा में पचास हजार से एक लाख रुपए तक की आय होती थी। लेकिन शीतलहर के कारण तैयार फसल चौपट होने लग गई है जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
किसानों ने बताया कि टमाटर के साथ अन्य सब्जियों व सरसों में भी 20 से 25 प्रतिशत तक खराबे की आशंका बनी हुई है। सब्जी की फसल का बीमा भी नहीं होने से उनका भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
कैसे करें बचाव
कृषि विस्तार केन्द्र के सहायक निदेशक नागरमल यादव ने बताया कि फसलों में पाले की सम्भावना सायंकाल हवा बंद होने के बाद बनती है इससे बचने के लिए शाम को फसल में सिंचाई करनी चाहिए सरसों की फसल को बचाने के लिए मेड़ पर चारों ओर सुबह 5 बजे के लगभग धुआं करें तथा 0. 01 प्रतिशत सरफ्यूलिक अम्ल का घोल बनाकर स्प्रे करें।
Published on:
29 Dec 2018 09:11 am
