13 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

5 महीने की कड़ी मेहनत के बाद ऐसे बना मैं ‘रावण’: राम यशवर्धन

मैं मुंबई आया और यहां एक्टिंग कोर्स किया। बस यहीं ये मैंने एक्टर बनने की ठान ली।'

2 min read
Google source verification
Ram yashvardhan

Ram yashvardhan

'मैं हमेशा से ही एक्टर बनना चाहता था। स्कूल में मैंने बहुत से प्ले किए। इसके बाद मैंने थियेटर भी किया। इस बीच मैंने एक एग्जाम दिया, उसका रिजल्ट 4 महीने बाद आने वाला था। ऐसे में मैं मुंबई आया और यहां एक्टिंग कोर्स किया। बस यहीं ये मैंने एक्टर बनने की ठान ली।' यह कहना है कि स्टार भारत के नए शो 'एक थी रानी, एक था रावण' के लीड एक्टर राम यशवर्धन का। इस शो की लीड स्टार कास्ट राम और मनुल ने पत्रिका एंटरटेनमेंट को दिए साक्षात्कार में अपने अनुभव साझा किए।

ऐसा है शो में राम का किरदार:
राम यशवर्धन ने बताया कि शो में वह 'रिवाज' नाम के लड़के का किरदार निभा रहे हैं। राम ने कहा,'इस शो में मैं एक बिगड़ैल राजकुमार बने हैं, जो कि बहुत ताकतवर है। वह एक बेलगाम शेर की तरह है। रिवाज सिर्फ अपनी बात मनवाना जानता है, कभी किसी की नहीं सुनता। शो में 'रिवाज' को एक 'रावण' की तरह दिखाया गया है।'

ऐसे की किरदार की तैयारी:
राम ने बताया कि उन्हें 'रिवाज' के किरदार के लिए उन्हें काफी मेहनत करनी पड़ी। उन्होंने बताया कि करीब 5 महीने तक उन्होंने इस किरदार की तैयारी की। किरदार के लिए उन्हें अपना वजन बढ़ाना पड़ा और बॉड़ी बनानी पड़ी। वे रिवाज के किरदार को ध्यान में रखकर उसी की तरह चलने और बात करने की कोशिश करते थे।

बहुत अच्छे कवि भी हैं राम:
राम यशवधर्न एक एक्टर होने के साथ बहुत अच्छे लेखक और कवि भी हैं। उन्होंने 'पिता','प्लेबॉय', 'आज हर रोम उदास' है जैसी कई अच्छी कविताएं भी लिखी हैं। उन्होंने बताया कि वह स्कूल के दिनों से कविताएं लिखते आ रहे हैं।

रियल लाइफ में भी 'रानी' की तरह हूं:
इस शो में 'रानी' का किरदार निभा रहीं एक्ट्रेस मनुल का कहना है कि शो में रानी एक मासूम लड़की है, हर काम सोच समझकर करती है। कोई भी काम करने से पहले वह अपने माता-पिता की छवि को ध्यान में रखती है। मनुल का कहना है कि वह रियल लाइफ में भी रानी की तरह अपने माता-पिता के बहुत करीब हैं।

शूटिंग देखकर एक्ट्रेस बनने की ठानी:
मनुल ने बताया, मैं जहां वह रहती हैं, वहां कभी—कभी 'तारक मेहता..' की शूटिंग होती थी। जब मैं स्कूल से लौटती थी तो शूटिंग देखकर बहुत रोमांचित होती थी। साथ ही बचपन से ही मेरा सपना था कि मैं बड़ी होकर एक्ट्रेस बनूं।'