
उदयपुर . अल्प वेतन भोगी कम्प्यूटर ऑपरेटर्स चिकित्सा विभाग की अनदेखी का शिकार होकर काली दिवाली मनाने को मजबूर हैं। उदयपुर जिले में विभागीय सेवाएं दे रहे करीब 217 कम्प्यूटर ऑपरेटर्स विपरीत परिस्थितियों में उधार लेकर घर चला रहे हैं।
कुछ ऐसी ही व्यथा है विभाग में संविदा पर सेवारत कम्प्यूटर ऑपरेटर्स की। नजदीक आ रहे त्योहारों के बीच ऑपरेटर्स की ओर से बुधवार को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को ज्ञापन देकर आपबीती सुना समाधान की मांग की गई।
आरोप लगाया कि जिला कलक्टर एवं विभागीय मुखियाओं को सूचित करने के बावजूद आरएमआरएस (राजस्थान मेडिकेयर रिलीफ सोसायटी) के अधीन सेवारत ऑपरेटर्स को मानदेय के लिए चक्कर काटने पड़ रहे हैं। आरोप यह भी है कि आरएमआरएस में पर्याप्त बजट होने के बावजूद पीएचसी और सीएचसी अधिकारी उन्हें भुगतान करने से बच रहे हैं। इधर, मामले में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजीव टाक ने कहा कि विभागीय स्तर पर ऑपरेटर्स की समस्याओं के निस्तारण को लेकर उचित प्रयास किए
जा रहे हैं।
read also- झाड़ोल. थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत गोगला के अमरपुरा गांव में भूमि विवाद में दूसरे गुट ने बीती रात दो भाइयों के मकानों में आग लगा दी, जिससे सामान एवं दस्तावेज जल गए।
पुलिस के अनुसार अमरपुरा निवासी उदा पुत्र जगला, रोशन पुत्र जगला कसौटिया अपने मकान में खाना खाकर सो गए। इस दौरान गांव के ही महेन्द्र पुत्र हरिया, हरिया, कालिया पुत्र हरिया, थावरी पत्नी महेन्द्र, महेन्द्र पुत्र कालिया, कमली पत्नी हरिया ने दोनो भाइयों के मकानों में आग लगा दी। बुधवार को पीडि़त परिवारों ने थाने में आगजनी का मामला दर्ज कराया। पुलिस का कहना है कि वर्षों से दोनों गुटों में भूमि विवाद चल रही है।
Published on:
05 Oct 2017 11:14 am
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