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सरकारी नुमाइंदों ने बोला नहीं हुआ मरम्मत कार्य, पीडब्ल्यूडी ने संपर्क पोर्टल पर लिखा हो चुकी है मरम्मत

कौन सच्चा, कौन झूठा
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डॉ. सुशील सिंह चौहान/ उदयपुर. शहर के पोलो ग्राउण्ड स्थित सरकारी कॉलोनी के भवनों की मरम्मत का मामला एक बार फिर चर्चा में है। कॉलोनी निवासी राजकीय कार्मिक इस बात से खफा हैं कि पीडब्ल्यडी ने उन्हें आवंटित भवनों में किसी तरह का मरम्मत कार्य नहीं किया। नालियां टूटी हैं तो करीब 50 साल पुराने सीवरेज टेंक भीतर जमीन में धंस गए हैं। नाराजगी पीडब्ल्यूडी की ओर से संपर्क पोर्टल में दिए गए जवाब से भी है, जिसमें पीडब्ल्यूडी ने आश्वस्त किया है कि कॉलोनी में मरम्मत के कार्य पूरे हो चुके हैं। मुद्दा तब ओर गरमा गया जब नगर निगम की निजी एजेंसी ने यहां कॉलोनी में पीडब्ल्यूडी की रिपोर्ट के आधार मानते हुए सीवरेज लाइन बिछाने के लिए सड़क खोद दी। लोगों ने नाराजगी जताते हुए गुरुवार को एक बार काम रूकवा दिया, लेकिन उनके मन में आशंका है कि ये कार्य वापस से शुरू होगा। नाराज कार्मिक एवं उनके परिवारों ने शुक्रवार को एक बार फिर से मामले की शिकायत संपर्क पोर्टल पर की है। साथ ही शिकायत की एक प्रति सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजी है। गौरतलब है कि सितम्बर माह में पीडब्ल्यूडी को कॉलोनी मरम्मत के नाम पर 71 लाख रुपए का बजट मिला था।

नाराजगी का कारण
कॉलोनीवासियों की शिकायत है कि सभी सरकारी आवास करीब 50 साल पुराने हैं। इस तरह राजकीय आवास परिसर में बने सीवरेज टेंक पूरी तरह जर्जर होकर जमीन में धंस गए हैं। गंदगी निकासी वाली नालियां भी टूटी पड़ी हैं। ऐसे में सीवरेज बाहर जाने का रास्ता बंद है। उनकी मांग है कि पहले भीतर के सीवरेज और नालियां दूरस्त हों। बाद में नगर निगम स्तर पर सीवरेज लाइन बिछाई जाए। कॉलोनी के बाशिंदों का आरोप है कि उनके मकान का सड़क की ओर का हिस्सा ऊंचा है, जबकि नालियों का स्लोब मकानों के पीछे की ओर है। निगम को लाइनें बिछानी है तो पिछले हिस्से में कार्य करे। ताकि ढलान से सीवरेज पीछे जाए। कॉलोनी में ३२ भवन पीडब्ल्यूडी के अधीन हैं, जबकि ७ के करीब भवन सिंचाई विभाग के अधीन हैं।

मोबाइल नंबर से शिकायत
जिला प्रशासन को सौंपी गई शिकायत में कॉलोनी के नुमाइंदों ने ज्ञापन के साथ हस्ताक्षर शुदा मोबाइल नंबर सूची भी दी है। दावा किया है कि प्रशासनिक स्तर पर दिए गए मोबाइल नंबर पर सीधे ही संपर्क कर मरम्मत संबंधित कार्य को लेकर जानकारी की जा सकती है।

किया है गुमराह
राजकीय आवास में मरम्मत के नाम पर कोई कार्य नहीं हुए। भीतर की नालियां और सीवरेज टेंक की मरम्मत का तो पीडब्ल्यूडी ने जोखिम ही नहीं उठाया।
राजीव लोचन गुप्ता, राजकीय कर्मचारी

की है मरम्मत
भवनों की मरम्मत का मद अलग है। काम भी कराया है। सीवरेज लाइन नगर निगम बिछवा रहा है। लाइन बिछने के बाद नालियों व सीवरेज टेंक मरम्मत के प्रस्ताव भेजेंगे। इसके बाद काम ये समस्या भी दूर कर देंगे।
डी.सी. माथुर, अधिशासी अभियंता, पीडब्ल्यूडी नगर खण्ड