
फाइल फोटो पत्रिका
Rajasthan : राजस्थान में भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार (श्रमिक) कल्याण उपकर अधिनियम 1996 के तहत 27 जुलाई 2009 के बाद बने सभी सरकारी, व्यावसायिक और निजी आवासीय भवनों व निर्माण कार्यों पर निर्माण लागत का 1 प्रतिशत उपकर (सेस) अनिवार्य रूप से देना होगा।
संभागीय संयुक्त श्रम आयुक्त संकेत मोदी ने बताया, वित्त वर्ष 2025-26 में 678 मालिक और नियोजकों को नोटिस दे चुके हैं। 22 प्रकरण में वसूली प्रक्रियाधीन है। 10 मामलों में एकतरफा उपकर निर्धारण आदेश जारी किए हैं। निर्धारित समय में उपकर जमा नहीं कराया तो कलक्टर को वसूली के लिए भेजेंगे। भुगतान नहीं करने पर 100 प्रतिशत पेनल्टी का प्रावधान है। फिर कुर्की भी हो सकती है।
27 जुलाई 2009 के बाद बने सरकारी, व्यावसायिक, निजी आवासीय भवन, 10 लाख रुपए से अधिक लागत वाले आवासीय भवन, सभी व्यावसायिक भवन चाहे लागत कितनी भी हो।
भवन मालिक या नियोजक को निर्माण शुरू होने के 30 दिन में श्रम विभाग को सूचना देनी होगी। निर्माण पूरा होने या उपकर निर्धारण के 30 दिन में उपकर जमा कराना जरूरी है। निर्माण कार्य एक वर्ष से ज्यादा चलता है तो वर्ष पूरा होने के 30 दिन में उपकर जमा करना होगा। चाहें तो अनुमानित लागत के आधार पर उपकर राशि अग्रिम भी जमा कराई जा सकती है।
Updated on:
20 Dec 2025 02:53 pm
Published on:
20 Dec 2025 02:53 pm
