
केंद्रीय भैरवगढ़ जेल गबन में लगातार चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। ट्रेजरी एसआइटी ने शुरू की जांच में अब 13 नाम और सामने आए हैं जिनके बैंक खातों में गबन के करोंड़ों रुपए ट्रांसफर किए गए थे। इनमेें जेल के बाबू रिपुदमन रघुवंशी की पत्नी दीक्षा रघुवंशी भी शामिल है, जिसके राघौगढ़ (गुना) स्थित बैंक खाते में 9 लाख रुपए ट्रांसफर किए गए थे यह रुपए उसकी पत्नी ने खाते से निकाल भी लिए। अब जल्द ही एफआइआर (FIR) में 13 नाम और जोड़े जाएंगे। इसके साथ ही इस गबन में 26 आरोपी हो जाएंगे, जबकि 10 आरोपी फिलहाल जेल में बंद है व जेल कर्मी धर्मेेन्द्र लोधी सहित तीन आरोपी अब तक फरार चल रहे थे।
ट्रेजरी एसआइटी की जांच में नया खुलासा
11 मार्च को केंद्रीय भैरवगढ़ जेल में सामने आए डीपीएफ घोटाले के बाद तीन विभागों ने जांच शुरू की थी। पहली जांच एफआइआर के बाद बनी एएसपी इंद्रजीत बाकलवार के निरीक्षण में पुलिस की एसआइटी (स्पेशल टॉस्क फोर्स) जांच कर रही थी।
दूसरी जांच जेल मुख्यालय की ओर से की गई थी। हालांकि जेल अधिकारी कहते हैं कि उनकी ओर से की गई जांच की रिपोर्ट सरकार को सौंप दी है।
तीसरी जांच भोपाल आयुक्त कोषालय के अधिकारी कर रहे थे, इस जांच में पिछले दिनों नया खुलासा सामने आया। जिसमें पता चला था कि डीपीएफ गबन के रुपए 13 अन्य लोगों के खातों में भी ट्रांसफर हुए थे। जांच में गड़बड़ी सामने आने पर 7 अगस्त को आयुक्त कोषालय ने उज्जैन कोषालय को सात दिन में जांच कर रिपोर्ट सौंपने और आरोपियों के नाम एफआइआर में दर्ज करवाने के निर्देश दिए थे। यह राशि 7 करोड से अधिक की है। उज्जैन कोषालय एसआइटी ने जांच कर रिपोर्ट भोपाल भेजी है अब जल्द ही इसमें 13 अन्य आरोपियों के नाम जोड़ गिरफ्तार कर जेल भेजेंगे।
इनके खातों में ट्रांसफर हुए रुपए
इसके अलावा 2.33 करोड शैलेन्द्र सिकरवार, 12 अमीत मीणा, 2.9 लाख धर्मेन्द्र लोधी, 46 सुमित मीणा के खाते में ट्रांसफर हुए हैं।
यह है केस का स्टेटस
11 मार्च को सामने आए गबन में अब तक पुलिस ने तत्कालीन जेल अधीक्षक उषा राजे सहित 13 लोगों को आरोपी बनाया, जिसमें जेल कर्मी (अकाउटेंड) रिपुदमन रघुवंशी, शैलेन्द्र सिकरवार, सटोरिया रोहित चोरसिया, रिंकु मांदरे, हरीश गेहलोत, जगदीश परमार, धर्मेन्द्र उर्फ रामजाने, शुभम बामोरी और उषा राज की बेटी उत्कर्षिनी उर्फ बिट्टो उर्फ पावली को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है, जबकि जेल कर्मी और उषा राजे के ड्राइवर धर्मेन्द्र लोधी, सुमित मीणा, अमित मीणा तीन आरोपी अब तक फरार हैं।
जेल गबन में आयुक्त कोषालय के निर्देश पर जांच की। जिसमें 13 और आरोपी सामने आए हैं। सभी की रिपोर्ट तैयार कर भोपाल भेजी गई है। जल्द ही आरोपियों के एफआइआर में नाम जुड़ेेंगे।
सुषमा ठाकुर, संयुक्त संचालक, कोषालय
Updated on:
13 Sept 2023 07:28 pm
Published on:
13 Sept 2023 07:27 pm
बड़ी खबरें
View Allउज्जैन
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
