
borewell tragedy 3 year old bhagirth dewasi dead after 23 hour rescue
MP News: मध्यप्रदेश के उज्जैन जिले के बड़नगर में बोरवेल के गड्ढे में गिरे 3 साल के मासूम भागीरथ देवासी को बचाया नहीं जा सका। करीब 23 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद रेस्क्यू टीम उसे बाहर निकालने में कामयाब हो पाई लेकिन तब तक भागीरथ की सांसें थम चुकी थीं। बोरवेल से निकालने के बाद तुरंत उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। भागीरथ के मौत की खबर सुनते ही माता-पिता सहित उन तमाम लोगों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा जो पिछले 23 घंटे से उसके लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहे थे।
बड़नगर के ग्राम झलारिया में 23 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शुक्रवार शाम करीब 6:30 बजे 3 वर्षीय भागीरथ देवासी को बोरवेल से बाहर निकाला गया। एनडीआरएफ-एसडीआरएफ टीम ने लोहे की छड़, रस्सी और बोरवेल की मोटर निकालने वाली मशीन की मदद से उसे बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। शासकीय अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
भागीरथ, पिता पूसाराम देवासी, राजस्थान के पाली जिले का निवासी था। परिवार क्षेत्र में भेड़ चराने आया हुआ था। परिजनों के अनुसार बच्चा दीवार के पास खेल रहा था। उसने पत्थर से बोरवेल का ढक्कन हटाया और बाल्टी समझकर पैर डाल दिया, जिससे वह सीधे अंदर गिर गया। मां ने उसे गिरते देखा और बचाने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सकी। इसके बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई।
बच्चे के बोरवेल में गिरने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंच गया था और बिना देर किए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। प्रशासन ने मौके पर 6 जेसीबी और पोकलेन मशीनों की मदद से बोरवेल के समानांतर गड्ढा खोदना शुरू किया। पूरी रात सैकड़ों लोगों की टीम रेस्क्यू में जुटी रही। शुक्रवार को दिनभर अलग-अलग तरीकों से प्रयास जारी रहे। रेस्क्यू के दौरान शुक्रवार दोपहर बच्चे का वीडियो कैमरे में कैद हुआ। उसमें उसका सिर और हाथ दिखाई दे रहे थे, लेकिन शरीर में कोई हरकत नहीं थी। इसके बावजूद परिजन और मौके पर मौजूद लोगों को उम्मीद थी कि शायद उसकी सांसें चल रही हों। इसी उम्मीद में बचाव दल लगातार प्रयास करता रहा, लेकिन अंत में बच्चा बेजान बाहर निकला।
सीएम मोहन यादव एक्स पर पोस्ट कर भागीरथ के निधन पर दुख जताया है, उन्होंने लिखा है- उज्जैन के बड़नगर अंतर्गत झलारिया गांव में बोरवेल में गिरे 3 वर्षीय भागीरथ के निधन का समाचार अत्यंत दुखद है। घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, SDERF और NDRF की टीम द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया था, लेकिन दुर्भाग्यवश बालक को नहीं बचाया जा सका। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवार के साथ हैं। सरकार की ओर से परिजनों को 4 लाख की आर्थिक सहायता राशि प्रदान की जा रही है। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिजनों को यह असीम दु:ख सहने की शक्ति दें। ॐ शांति!
Published on:
10 Apr 2026 09:03 pm
बड़ी खबरें
View Allउज्जैन
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
