उदयपुर की घटना को लेकर हिंदू संगठन ने रोष व्यक्त किया है। मौलाना मदनी, पीएफआई, जमीअत उलमा हिंद पर कार्रवाई की मांग की है। इस मौके पर उन्होंने आतंकवाद का पुतला फूंका। जिले में धारा 144 लागू होने के कारण पुलिस के साथ झड़प भी हुई। हिंदू जागरण मंच में जबरदस्त आक्रोश था। इस मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल भी मौजूद थी।
उदयपुर की घटना को लेकर हिंदू जागरण मंच ने आज आतंकवाद का पुतला फूंका। कलेक्ट्रेट के पास मंच के कार्यकर्ता व पदाधिकारियों ने आतंकवाद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और कट्टरवादी संगठनों पर प्रतिबंध लगाने की मांग की। पीएफआई, जमीयत उलेमा ए हिंद, मौलाना मदनी आदि निशाने पर थे। उदयपुर की घटना को हिंदू जागरण मंच ने सभी के लिए चेतावनी बताया। उन्होंने मांग की हत्यारों को जल्द से जल्द फांसी दिया जाए। इस दौरान जिला प्रशासन सतर्क था। मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद थी। जिले में धारा 144 लागू है। किसी प्रकार के धरना प्रदर्शन की अनुमति नहीं थी।
पुतला दहन के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए विमल द्विवेदी ने कहा कि हिंदुओं पर लगातार हमला किया जा रहा है, आघात किया जा रहा है, कन्हैया लाल की केवल इसलिए हत्या कर दी गई कि उसके पुत्र ने डीपी में नूपुर शर्मा की फोटो लगा दी। उन्होंने कहा कि मौलाना मदनी द्वारा लगातार हिंदू धर्म और देवी-देवताओं के खिलाफ जहर उगला जा रहा है। देवबंद के मौलाना पर पूर्णतया प्रतिबंध लगाना चाहिए। यह भी पढ़ें
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प्रतिबंध लगाने की मांग
विमल द्विवेदी ने पीएफआई और जमीयत ए उलेमा ए हिंद पर भी प्रतिबंध लगा देना चाहिए। मांग की कि कन्हैयालाल के हत्यारों को फांसी पर लटकाया जाए। बोले ऐसे में तो कभी भी किसी की भी हत्या हो सकती है। हिंदू जागरण मंच के प्रदर्शन के दौरान भारी संख्या में पुलिस बलों को भी लगाया गया था। इस दौरान क्षेत्राधिकारी नगर आशुतोष कुमार सहित अन्य अधिकारीगण मौजूद थे। जिन्होंने आंदोलनकारियों को समझाने का प्रयास किया। लेकिन आक्रोशित आंदोलनकारियों ने पुतला फूंक कर अपना आक्रोश व्यक्त किया। इस मौके पर मंच के जिलाध्यक्ष अजय त्रिवेदी, युवा प्रभारी मनीष अवस्थी, विकास सिंह सेंगर, धर्मेंद्र शुक्ला, अमित तिवारी, विक्रम द्विवेदी, शिवम आजाद सहित अन्य लोग मौजूद थे।