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पंचायत चुनाव से पहले खूनी संघर्ष, प्रधान पद का चुनाव लड़ रहे प्रत्याशी की गोली मार कर हत्या

पंचायत चुनाव (Panchayat Chunav) की रंजिश के बीच तीन बार प्रधान रहे शख्स की गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह वारदात बड़ागांव क्षेत्र के अंतर्गत लोकापूर ईंट-भट्टे की है।

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पंचायत चुनाव से पहले खूनी संघर्ष. प्रधान पद का चुनाव लड़ रहे प्रत्याशी की गोली मार कर हत्या

पंचायत चुनाव से पहले खूनी संघर्ष. प्रधान पद का चुनाव लड़ रहे प्रत्याशी की गोली मार कर हत्या

वाराणसी. जिले में पंचायत चुनाव (Panchayat Chunav) की रंजिश के बीच तीन बार प्रधान रहे शख्स की गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह वारदात बड़ागांव क्षेत्र के अंतर्गत लोकापूर ईंट-भट्टे की है। इंद्रपुर गांव निवासी पप्पू यादव उर्फ बृजेश यादव की शनिवार देर रात हत्या कर दी गई। मृतक इलाकाई थाने का हिस्ट्रीशीटर था। शनिवार देर रात वह अपने घर लौट रहा था कि तभी सैरा गांव के पास घात लगाए बदमाशों ने उसे गोली मार दी और फरार हो गए। पप्पू यादव को तत्काल थाना सिगरा के मलदहिया स्थित सिंह हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। यहां उनकी हालत नाजुक देख डॉक्टरों ने बीएचयू रेफर कर दिया। परिजन उन्हें बीएचयू लेकर गए लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद गांव में पुलिस बल तैनात कर दी गई है।

उच्चाधिकारी और स्थानीय पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया। परिजनों ने उन्हें बताया कि गांव के ही अनिल यादव उर्फ भूमि यादव से भूमि विवाद था। परिजनों का आरोप है कि रंजिश के कारण गोली मारकर हत्या की गई है। परिजनों की तहरीर पर अनिल यादव को नामजद करते हुए केस दर्ज किया गया है। नामजद अभियुक्त अनिल भी थाने का हिस्ट्रीशीटर अपराधी है।

2005 में चुना गया था प्रधान

पुलिस के अनुसार, मृतक पप्पू यादव व उसकी पत्नी ममता यादव 2005 से लगातार प्रधान थीं। जिसमें 2005 में पहली बार पप्पू यादव प्रधान पद के लिए चुना गया था। उसके बाद से लगातार उसकी दो बार उसकी पत्नी ममता यादव ग्राम सभा की प्रधान थीं और इस बार वह खुद चुनाव लड़ रहा था। पुलिस के अनुसार, पप्पू यादव प्रॉपर्टी डीलिंग का भी बिजनेस करता था। कुछ दिन पूर्व ही उसने एक विवादित संपत्ति खरीदी थी। जिसे खरीदने के बाद से ही वह थोड़ा परेशान रहता था।

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