Ghosi By Election Result 2023 : घोसी में हुए उपचुनाव की काउंटिंग तेजी से हो रही है। 21 चरणों की मतगणना हो चुकी है। 21वें चरण की मतगणना में सपा उम्मीदवार सुधाकर सिंह अपने निकटतम प्रतिद्वंदी दारा सिंह चौहान को पटखनी दे दी है। वहीं नोटा भी तीसरे नंबर बना हुआ है जो कुछ और ही संकेत दे रहा है।
Ghosi By Election Result 2023 : उत्तर प्रदेश की घोसी विधानसभा के लिए हुए उपचुनाव के परिणाम आज आ रहे है। इसके अलावा पूरे देश में 5 अन्य सीटों पर भी उपचुनाव के परिणाम आज आएंगे पर पूरे देश की निगाह घोसी बाई इलेक्शन पर बनी हुई है। NDA और I.N.D.I.A. गठबंधन का पहला लिटमस टेस्ट माने जा रहे इस चुनाव में सपा प्रत्याशी एकतरफा भाजपा प्रत्याशी पर हावी होता दिखाई दे रहा है। 21 चरण की काउंटिंग के बाद सपा प्रत्याशी 24802 मतों से आगे चल रहे हैं। ऐसे में यहां अखिलेश यादव का PDA (P-पिछड़ा, D-दलित, A-अल्पसंख्यक) का फार्मूला काम करता दिखाई दे रहा है। वहीं तीसरे नंबर पर NOTA बना हुआ है। इसपर राजनीतिक विश्लेषकों की माने तो बसपा सुप्रीमो मायवती की अपील का असर दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा था की घरों से मत निकलीये और निकलिए भी तो नोटा का इस्तेमाल कीजिये। ऐसे में नोटा भी सपा के आगे जाने का एक फैक्टर हो सकता।
Ghosi By-Election 2023 Results Live | ग्राउंड जीरो से पत्रिका रिपोर्टर दे रहे हैं पल-पल की रिपोर्ट
सपा, भाजपा के बाद दहाड़ रहा है नोटा
मऊ जनपद की घोसी विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में 21वें चरण की मतगणना शुरू खत्म हो चुकी है। ऐसे में जहां पहले नंबर पर सपा तो दुसरे नंबर पर भाजपा के उम्मीदवार के बीच लड़ाई चल रही है। वहीं तीसरे नंबर पर 7 अन्य प्रत्याशियों को पछाड़ते हुए नोटा चल रहा है। नोटा को अभी तक कुल 1185 मत प्राप्त हो चुके हैं। ऐसे में लगातार नोटा पर सभी की नजर बनी हुई है कि कहीं नोटा तो भाजपा का काम खराब नहीं कर रहा है। नोटा पर बसपा सुप्रीमों मायावती ने की थी। मायावती ने कहा थी की चुनाव में समाज के लोग मतदान न करें, यदि मतदान केंद्र पहुंचते भी हैं तो नोटा का इस्तेमाल करें और प्रत्याशियों को करारा जवाब दें जो जनता के लिए कुछ नहीं करते हैं।
सपा का PDA पड़ा भारी ?
घोसी उपचुनाव में समाजवादी पार्टी की साख फंसी हुई है। दारा सिंह चौहान ने डेढ़ साल में ही मंत्री पद की उम्मीद पर विधानसभा सदस्य्ता से इस्तीफा देते हुए भाजपा का दामन पकड़ लिया। उससे सपा को झटका लगा लेकिन रिक्त सीट पर हुए उपचुनाव में सपा ने PDA के फार्मूले से लड़ा और अभी तक के परिणाम में अखिलेश यादव का PDA (P-पिछड़ा, D-दलित, A-अल्पसंख्यक) फार्मूला काम करता नजर आ रहा है। इस विधानसभा के मॉस वोटर मुस्लिम और दलित हैं। ऐसे में यह फैक्टर सपा को एक बार फिर लीड में लेकर आया है और उसका उम्मीदवार इस समय काफी आगे है।