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UP biggest scam: योगी सरकार के खिलाफ आंदोलनकारी बिजली कर्मियों ने की ये बड़ी घोषणा….

-UP biggest scam: विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति का ऐलानसमिति में राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर भी शामिल

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बिजली कर्मचारी नेता

बिजली कर्मचारी नेता

वाराणसी. UP biggest scam: के विरोध में 48 घंटे का कार्यबहिष्कार करने वाले प्रदेश भर के बिजली कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार के दूसरे दिन बुधवार को किया ये बड़ा ऐलान। विद्युत संघर्ष समिति की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक के बाद यह निर्णय लिया गया है।

संघर्ष समिति के संयोजक शैलेंद्र दुबे व एपी शुक्ला ने पत्रिका को बताया कि बुधवार की बैठक में आंदोलन की नई रणनीति घोषित की गई। बता दें कि आंदोलन से पहले यानी रविवार को ही दुबे ने कहा था कि 48 घंटे के कार्यबहिष्कार के बाद 20 नवंबर को अगली रणनीति घोषित की जाएगी। समिति के संयोजक दुबे ने बताया कि अब इस आंदोलन में राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियरों को भी शामिल कर लिया गया है। नई रणनीति के तहत -28 नवम्बर से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार का शंखनाद किया गया है।

विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उप्र ने प्राविडेन्ट फण्ड घोटाले के विरोध में प्रान्तव्यापी संघर्ष के अगले चरण की बुधवार को घोषणा कर दी है। संघर्ष समिति ने तय किया है कि प्रदेश सरकार के ध्यानाकर्षण के लिए सभी ऊर्जा निगमों के तमाम बिजली कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर और अभियन्ता 28 नवम्बर को प्रातः 08 बजे से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार प्रारम्भ कर देगें। कार्य बहिष्कार के पहले 27 नवम्बर की शाम को राजधानी लखनऊ सहित सभी परियोजना व जिला मुख्यालयों पर मशाल जुलूस निकाले जायेगें। कल दिनांक 20 नवम्बर से प्रतिदिन अपराह्न 3 बजे से 5 बजे तक शक्ति भवन लखनऊ समेत सभी परियोजनाओं तथा जिला मुख्यालयों पर विरोध सभायें आयोजित की जायेंगी।

संघर्ष समिति की बुधवार को हुई बैठक में बिजली कर्मचारियों की वृहद एकता बनाते हुए राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन के महासचिव जय प्रकाश, जी बी पटेल और वारिन्दर शर्मा मुख्यतया सम्मिलित हुए। संघर्ष समिति में विद्युत कार्यालय सहायक संघ एवं विद्युत परिषद आशु लेखक संघ भी सम्मिलित हो गया है।

संघर्ष समिति ने यह निर्णय लिया है कि 28 नवम्बर से प्रारम्भ होने वाले कार्य बहिष्कार से बड़े उत्पादन गृहों, 400 केवी पारेषण और सिस्टिम ऑपरेशन की शिफ्ट में कार्यरत कर्मचारियों, जूनियर इंजीनियरों एवं अभियन्ताओं को अलग रखा जायेगा जिससे बिजली का ग्रिड पूरी तरह फेल न हो जाये और आम जनता को कठिनाई न हो। संघर्ष समिति ने चेतावनी दी है कि यदि शांतिपूर्ण आन्दोलन के कारण किसी भी कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर या अभियन्ता का उत्पीड़न किया गया या गिरफ्तारी की गयी तो बिना और कोई नोटिस दिये सभी ऊर्जा निगमों के तमाम कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर व अभियन्ता अनिश्चित कालीन हड़ताल और जेल भरो आन्दोलन प्रारम्भ करने हेतु बाध्य होंगे जिसकी सारी जिम्मेदारी उप्र सरकार की होगी।

विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने आज प्रदेश भाजपा अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह से मिलकर उन्हें प्राविडेन्ट फण्ड घोटाले पर एक ज्ञापन सौंपा। संघर्ष समिति ने भाजपा अध्यक्ष से मांग की कि वे प्रदेश सरकार से प्राविडेन्ट फण्ड के भुगतान हेतु गजट नोटिफिकेशन जारी करायें। स्वतंत्र देव सिंह से संघर्ष समिति के शैलेन्द्र दुबे, ए के सिंह, पवन श्रीवास्तव और पी एन तिवारी ने मिलकर उन्हें पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया। साथ ही संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमण्डल ने आज वाराणसी में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के कार्यालय में भी एक ज्ञापन सौंपा।

संघर्ष समिति की नई रणनीति निम्नवत है...

- 28 नवम्बर को प्रातः 08 बजे से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार (उत्पादन,400 के वी पारेषण और सिस्टम आपरेशन की शिफ्ट को छोड़कर)।
-27 नवम्बर को राजधानी लखनऊ सहित समस्त परियोजनाओं व जनपद मुख्यालयों पर मशाल जुलूस।
-21 नवम्बर से 26 नवम्बर तक राजधानी लखनऊ सहित समस्त परियोजनाओं व जिला मुख्यालयों पर अपराह्न 03 बजे से 05 बजे तक विरोध सभा।
-21 नवम्बर से जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन दो अभियान (ज्ञापन संलग्न है)।
शांतिपूर्ण आन्दोलन के दौरान किसी का भी उत्पीड़न या गिरफ्तारी की गई तो बिना और कोई नोटिस दिए उसी समय से अनिश्चितकालीन पूर्ण हड़ताल और सामूहिक जेल भरो आंदोलन प्रारम्भ।