वाराणसी. काशी की धरोहर को मिटाने की साजिश कामयाब नहीं होने पाएगी। इस मुद्दे को राज्यसभा में सोमवार को उठाया जाएगा। इतना ही नहीं इस मुद्दे पर राष्ट्र व्यापी सर्वदलीय आंदोलन छेड़ा जाएगा। यह कहना है आम आदमी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संजय सिंह का। वह शुक्रवार को बनारस के एक दिन के दौरे पर थे। इस दौरान उन्होंने न केवल पक्का महाल के प्रभावित इलाकों का मुआयना किया, बल्कि क्षेत्रीय नागरिकों से वार्ता भी की। सारी जानकारी हासिल करने के बाद उन्होंने मीडिया को बताया कि वह इस मुद्दे पर दिल्ली पहुचते ही रविवार को राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से मिल कर सारा प्रकरण उनके संज्ञान में लाएंगे। साथ ही पुरजोर मांग करेंगे कि काशी की धरोहर को मिटने से रोकें। उन्होंने कहा कि सोमवार से राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होगी तो वहां भी जोरदार ढंग से इस मसले को उठाएंगे।

सिंह शुक्रवार को बनारस में थे। आम आदमी पार्टी के पूर्वांचल संयोजक संजीव सिंह द्वारा काशी की धरोहर को नष्ट करने की केंद्र व राज्य सरकार की साजिश के बाबत उन्हें सारी जानकारी दी थी। उसके बाद ही वह यहां पहुंचे। उन्होंने विश्वनाथ कॉरीडोर व गंगा पाथवे योजना से प्रभावित बाबा विश्वाथ मंदिर क्षेत्र का मुआयना किया। इस दौरान क्षेत्रीय नागरिक व विशालाक्षी मंदिर के महंत राजनात तिवारी, विश्वनाथ मंदिर के महंत बबलू तिवारी, कृष्ण कुमार शर्मा सहित सैकड़ों लोगों ने आप नेता को सारी जानकारी दी। वह उस क्षेत्र में भी गए विश्वनाथ मंदिर विस्तार के नाम पर दर्जनों मंदिरों को गिरा कर उसका मलवा कूड़े की तरह बिखेरा गया है। इस दौरान नागरिकों ने एक-एक मंदिर दिखाया और उसका इतिहास बताया। वह नागरिकों से प्राप्त जानकारी के बाद हतप्रभ थे। कहा कि प्राचीन मंदिरों को ही ढाह देंगे तो यहां रहेगा क्या। बचेगा क्या। एक तरफ भाजपा के लोग अयोध्या में राम मंदिर बनाने की बात करते हैं तो दूसरी तो काशी की धरोहरों को ही मिटाने पर तुल गए हैं। यह नहीं होने दिया जाएगा।
ललिता घाट स्थित गोयनका लाइब्रेरी में मीडिया से मुखातिब आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता व प्रदेश प्रभारी संजय सिंह ने काशी की धरोहर की रक्षा के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि एक तरफ भाजपा और आरएसएस अयोध्या मसले पर बार-बार कहती है राम लला हम आएंगे मंदिर यहीं बनाएंगे, वहीं काशी में उनका नारा बदल जाता है, वे कहते हैं बाबा विश्वनाथ हम आएंगे सारे मंदिर ढहाएंगे। उन्होंने कहा कि काशी खुद एक हेरिटेज है और उसका संरक्षण किया जाना चाहिए। यहां हजारों साल पुराने मंदिरों को जिस तरह से तोड़ा जा रहा है वह बिल्कुल गलत है। दरअसल भाजपा और आरएसएस दोहरे चरित्र वाली पार्टी है। लेकिन हम लोग उसके मंसूबे को कामयाब नहीं होने देंगे। इस मुद्दे को सोमवार को ही शून्य प्रहर में राज्यसभा में उठाएंगे साथ ही राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से मिल कर उन्हें वास्तविकता से अवगत कराते हुए काशी की रक्षा की मांग करेंगे। इसके अलावा काशी की धरोहर को बचाने के लिए जो भी हो सकेगा कांग्रस, सपा और अन्य सभी गैर भाजपा दलों के साथ मिल कर निर्णायक लडाई लड़ी जाएगी।
इस मौके पर पूर्व सांसद डॉ राजेश मिश्र, सपा नेता और प्रदेश के पूर्व लोकनिर्माण मंत्री सुरेंद्र पटेल ने भी संजय सिंह की बातों की तस्दीक की। कांग्रेस व सपा नेताओं ने कहा कि काशी की हजारों साल पुरानी धरोहर, संस्कृति को नष्ट नहीं होने दिया जाएगा। इसके लिए मिल कर काम करेंगे।