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UP Nikay Chunav 2023 : प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र के परिणाम पर सभी की निगाहें, क्या बनेगा ये 2024 लोकसभा चुनाव का पहला रुझान ?

UP Nikay Chunav 2023 : वाराणसी में कल आने वाले परिणाम को लेकर अभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। साल 2017 से काशी में ट्रिपल इंजन की सरकार चला रही भाजपा और उसके पदाधिकारी अपनी जीत के प्रति आश्वस्त दिख रहे हैं। वहीं काशी के परिणाम पर पूरे देश की निगाहें जमी हुईं हैं।

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UP Nikay Chunav 2023

Varanasi News

UP Nikay Chunav 2023 : उत्तर प्रदेश निकाय चुनाव 2023 का परिणाम शनिवार को आएगा। प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में भी नगर निगम चुनाव की मतगणना के लिए तैयारियां कर ली गई हैं। वाराणसी में हुए 40 प्रतिशत मतदान ने सभी की चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में सभी वाराणसी के इस चुनाव को आगामी लोकसभा चुनाव का पहला रुझान मान रहे हैं। वाराणसी में पहाड़िया मंडी में मतगणना 27 चक्रों में पूरी होगी पर परिणाम का रुझान दोपहर 11 बजे से आना शुरू हो जाएगा।

कल बनेगी मिनी सदन की सरकार

साल 2014 से भाजपा का गढ़ और केंद्र और प्रदेश की चुनाव की धुरी बने वाराणसी में कल 2024 का चुनावी बिगुल बज जाएगा। जीत का सेहरा किसके सर बंधेगा यह कहना मुश्किल है पर यह तय है कि जो भी यहां से जीतेगा वो केंद्र की सत्ता की धुरी तय करेगा। राजनीतिक जानकारों की माने तो कल आने वाले परिणाम के बाद सिर्फ काशी के मिनी सदन ही नहीं देश के सदन की शुरूआती परिपाटी लिख दी जाएगी। यह 2024 के लोकसभा चुनाव का पहला रुझान भी होगा।

28 सालों से भाजपा का मेयर

वाराणसी की नगर निगम सीट पर मेयर की बात करें तो साल 1995 में नगर निगम होने के बाद यहां भाजपा के महापौर बनते आए हैं। हर बार के चुनाव में महापौर पद पर भाजपा की जीत और भाजपा पार्षदों की मेजॉर्टी इस बात का संकेत है की वाराणसी भाजपा का गढ़ है। शायद यही वजह थी की साल 2014 में भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने वाराणसी को अपनी संसदीय सीट के रूप में चुना।

टिकी हुई हैं देश की निगाहें

वाराणसी के नगर निकाय चुनाव के रिजल्ट पर पूरे देश की निगाहें हैं। क्योंकि काशी का चुनावी रिजल्ट सियासी गलियारों में काफी अहमियत रखता है। योगी सरकार के विकास का बनारस मॉडल और कानून व्यवस्था पर लड़े गए चुनाव को जनता ने अपने नजरिए से देखकर 4 मई को जो अंक दिए थे, उसका रिजल्ट दूरगामी होगा। बीजेपी को ट्रिपल इंजन की सरकार के लिए महापौर की सीट को बरकरार रखने के साथ ही विकास के कामों को रफ्तार देने लिए मिनी सदन में बहुमत रखना भी आवश्यक है।

11 प्रत्याशी हैं मैदान में

2022 में हुए नए परिसीमन में नगर निगम में 87 गांव एवं नगर पालिका परिषद रामनगर तथा नगर पंचायत सुजाबाद डोमरी शामिल हो गए हैं। नए शहरी लोग चुनाव के परिणाम का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं। शनिवार को नगर निगम में 11 मेयर प्रत्याशी और 100 वार्ड के 637 पार्षदों के भाग्य का फैसला हो जायेगा। इसमें नगर निगम के 100 वार्डों की मतगणना शनिवार को 50 टेबल पर होगी। वहीं मेयर प्रत्याशी के लिए भी 50 टेबल ही लगाए गए हैं।