श्राद्ध पक्ष का समापन 2 अक्टूबर को होगा। इसके अगले दिन 3 अक्टूबर को नवरात्र प्रारंभ हो जाएंगे। नवरात्र में शुभ मुहुर्त में घरों और मंदिरों में घट स्थापना होगी। नौ दिन तक घरों में देवी आराधना की जाएगी। इस बार दुर्गाष्टमी और महानवमी एक ही दिन 11 अक्टूबर को मनाई जाएगी।
नवरात्रि के दौरान मंदिरों में माता की मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। इसके लिए अलवर शहर के घोड़ाफेर चौराहा, टेल्को चौराहा सहित अन्य जगहों पर संगमरमर पत्थर से माता की मूर्तियां तैयार कर रंगों से सजाया जा रहा है। मूर्तिकार अशोक कुमार ने बताया कि अलवर में तैयार माता की मूर्तियां की दूसरे शहरों में भी मांग है। आर्डर पर मूर्तियां तैयार कर बाहर भेजी जा रही है। उन्होंने बताया कि माता के अलग अलग रूपों में प्रतिमाएं तैयार की जा रही है।