अमेठी. जूते वाले मामले को लेकर अब जिले की सियासत में उबाल आ गया है। मंगलवार को लोकसभा क्षेत्र के हरियरपुर गांव के लोगों ने हाथों मे जूते-चप्पल लेकर प्रदर्शन किया और कहा कि स्मृति ईरानी अपना पता बताएं। आपको बता दें कि सोमवार को स्मृति ईरानी ने एक सभा में इस गांव के ग्रामीणों को लेकर विवादित बयान दिया था। जिसके बाद कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी उन पर हमलावर हुई थी। प्रियंका ने कहा था कि ये अमेठी के लोगों का अपमान है। उन्होंने ये भी कहा था कि अमेठी और रायबरेली के लोग अपना सम्मान करते हैं किसी के सामने भीख नहीं मांगेगे।
“स्मृति ईरानी ने हमारे हरियरपुर का अपमान किया है”
इस क्रम में मंगलवार आज उस समय नया मोड़ आ गया जब हरियरपुर के ग्रामीण हाथों मे जूते लेकर सड़क पर उतर आए। स्मृति ईरानी को लेकर यहां के ग्रामीणों का गुस्सा सातवें आसमान पर है। गांव निवासी मान सिंह ने कहा स्मृति ईरानी ने हमारे हरियरपुर का अपमान किया है। हम लोग स्वाभिमानी लोग हैं। अपना खाते अपना पहनते हैं। वो अपना पता बता दें हम लोग जूता-चप्पल भेजवा देते हैं।
ग्रामीणो ने कहा- एड्रेस बताएं जूता हम भेजेंगे-
वहीं ग्रामीण रामसुंदर ने कहा के आज हम लोग इसलिए विरोध कर रहे हैं क्योंकि स्मृति ईरानी कहती हैं कि हरियरपुर को 25 हजार जूता-चप्पल भीख दी हैं। क्या जूता-चप्पल के बग़ैर मर रहे हैं हरियरपुर वाले। अभी वो रोड नहीं देखी हैं हमारे गांव की तो कैसे मान ले वो आई हैं जूता-चप्पल बांटने। उनको पता ही नहीं कि हरियरपुर है कहां। बुज़ुर्ग रतनपाल कहते हैं कि उन्होंने यहां जूते-चप्पल भिजवाए हैं, लेकिन वो न यहां तक आया है और स्मृति ईरानी ने ये गांव देखा है। तो अपना एड्रेस बताएं, हम लोगों के पास जो जूता-चप्पल है उसे भेज देते हैं, जिसको चाहे पहनाएं।