पिता की मौत पर घर वाले गंगाप्रसादी की तैयारी में थे, बेटा पिता की अिस्थयां विजर्सजन करने हरिद्वार गया था। सोमवार को मेहमान आने वाले थे, उनके खाने व रुकने का प्रबंध कर रखा था तभी रविवार सुबह घर में आग लग गई जिससे छह झोंपे, घरेलू सामान, टेंट के बिस्तर, गहने, कपड़े सबकुछ स्वाह हो गया।
घटना बबुगुलेरिया की अखानियों जाखड़ों की ढाणी की है। श्रवणकुमार पुत्र लखाराम मेघवाल की ढाणी में रविवार सुबह आग लगने से 6 झोंपे, घरेलू सामान ,कपड़े, गहने, मोबाइल फोन व टेंट के बिस्तरजलकर राख हो गए। आग लगने की सूचना पर आर्मी बटालियन के जवानों ने मौके पर पहुंच आग पर काबू पाया। साथ ग्रामीणों ने ट्रैक्टर टंकी की सहायता से आग बुझाने में सहयोग किया।
श्रवण कुमार के पिता लखाराम की 16 फरवरी को मृत्यु हो गई थी। 26 फरवरी गंगाप्रसादी की रस्म में मेहमान आने वाले थे । ऐसे में मेहमानों के लिए खाद्य सामग्री एवं टेंट हाउस से बिस्तरों की व्यवस्था कर रखी थी। अचानक रात्रि में आग लगने से खाद्य सामान और टेंट के बिस्तर सहित झाेंपे आदि जल गए। इलेक्ट्रिक उपकरण भी चढ़े आग की भेंट- कूलर ,आटा चक्की, फ्रिज जैसे कई इलेक्ट्रिक उपकरण अचानक आग लगने से जल गए। रामसर तहसीलदार भंवरलाल, रामसर सरपंच गिरीश खत्री और भारतीय सेना के जवान मौके पर पहुंचे।
घर का मुखिया गया हुआ हरिद्वार- पिता की मौत पर घर का मुखिया श्रवण, उनकी पत्नी और उनका छोटा बेटा हरिद्वार गए हुए है। वे एक दिन बाद आन वाले थे जिसके बाद गंगाप्रसादी रखी हुई थी। गंगाप्रसादी को लेकर सामग्री, बिस्तर आदि की व्यवस्था की हुई थी जिसमें आग लग गई। रिपोर्ट- बाबूसिंह भाटी