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Watch video.. इकलौता सहारा के चले जाने से चीख पड़ी मां, बीएसपी में मौत
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Watch video.. इकलौता सहारा के चले जाने से चीख पड़ी मां, बीएसपी में मौत

भिलाई स्टील प्लांट के रोलिंग मिल में कैंटीन के कर्मचारी विजय नायर, 34 साल निवासी, खुर्सीपार की सोमवार को अचानक काम के दौरान मौत हो गई। मंगलवार को परिजन शव लेने के लिए सेक्टर-9 अस्पताल पहुंचे। वहां कैंटीन संचालक से मृतक के मां को ईएसआई से दिए जाने वाले पेंशन को लेकर चर्चा किए। परिवार ने कैंटीन के संचालक ने ईएसआईसी से संबंधित दस्तावेज की मांग की। संचालक उसे उपलब्ध नहीं करवा पाया। तब परिवार नाराज होकर सेक्टर-9 मरच्यूरी से लौट गया। वहीं बीएसपी के आईआर विभाग के अधिकारी परिवार को समझाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन बात बनी नहीं।

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भिलाई

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Abdul Salam

Feb 18, 2025

विजय नायर का शव लेने सुबह 10.30 बजे परिवार के सदस्य मरच्यूरी पहुंचे।बीएसपी आईआर विभाग से भी टीम आ गई थी। इसके बाद कैंटीन के संचालक का इंतजार किया जाता रहा। दोपहर करीब 1.30 बजे के बाद कैंटीन का संचालक पहुंचा। संचालक ने परिवार से चर्चा की। मृतक अविवाहित था और अपनी मां (गीता) के साथ रहता था। वह घर में कमाने वाला अकेला था। मां मरच्यूरी के पास पेड़ के नीचे बैठकर चिल्ला-चिल्ला mother’s scream कर रो रही थी कि उसका एक मात्र सहारा दुनिया से चला गया। वहीं कैंटीन का संचालक उसे समझाने की कोशिश कर रहा था।

परिवार ने कहा ईएसआईसी का दस्तावेज दिखाओ

परिवार ने कहा कि मृतक कैंटीन में काम कर रहा था। उसका गेटपास भी है। तब उसका ईएसआईसी और पीएफ का दस्तावेज दिखाओ। इस पर ठेकेदार ने कहा कि जल्द आ जाएगा। यह कहते हुए करीब 1 घंटे तक इंतजार किया गया। इसके बाद भी जब कोई दस्तावेज पीडि़त परिवार के सामने नहीं लाया गया, तो वे नाराज होकर वहां से बिना शव लिए लौट गए।

क्या चाहता है परिवार

परिवार चाहता है कि मृतक की मां को ईएसआईसी से मिलने वाला पेंशन मिले। इससे वह जब तक जिंदा है, उसको दो वक्त की रोटी और किराए के मकान का सहारा हो जाएगा। वहीं कैंटीन संचालक से जब 10 लाख के बीमा को लेकर पूछा गया, तो उन्होंने बताया कि प्रबंधन की ओर से ऐसा कोई आदेश जारी नहीं किया गया है।

हर दिन मिलता था 200

मां ने बताया कि बेटे को 12 घंटे कैंटीन में बर्तन धोने के बदले हर दिन 200 रुपए दिया जाता था। काम करके उसका हाथ पानी से प्रभावित हो गया था। इससे साफ है कि कैंटीन में बर्तन धोने वाले कर्मचारियों को हाथ में पहने के लिए रबर का दस्ताना भी नहीं दिया जा रहा है। वहीं 12 घंटे काम करवाने के बदले सिर्फ 200 रुपए दिए जाने की बात भी सामने आ रही है। यह सबकुछ बीएसपी आईआर विभाग के अधिकारियों के सामने बताया जा रहा था। https://www.patrika.com/exclusive/watch-video-mla-laid-the-foundation-for-construction-of-e-city-bus-terminal-19407557

ईएसआईसी में नियमित राशि जमा होने से मिलेगा पेंशन

वशिष्ठ वर्मा, संयुक्त महामंत्री, बीआईएमएस, भिलाई ने कहा कि कैंटीन कर्मचारी विजय नायर की मौत के बाद उसकी मां को ईएसआईसी के तहत पेंशन मिलने लगता। इसके लिए जरूरी है कि ईएसआईसी में नियमित राशि जमा कैंटीन संचालक करे।

कैंटीन के सारे कर्मियों के ईएसआईसी की हो जांच

हरीशंकर चतुर्वेदी, संयुक्त महामंत्री, भिलाई मंजदूर संघ, भिलाई ने बताया कि कैंटीन के सभी कर्मियों के ईएसआईसी व पीएफ की जांच प्रबंधन को करना चाहिए। इसके साथ-साथ सभी कर्मियों का 10 लाख का बीमा भी करवाना जरूरी है।