हिण्डोली. कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में वर्षों पुराने उपकरण होने से रोगियों को जांच का सही लाभ नहीं मिल पाता है। इससे कई बार रोगियों को दोबारा जांच करवाने की स्थिति आ जाती हैं। जानकारी के अनुसार चिकित्सालय में बरसों से नए उपकरण नहीं आने से पुराने उपकरणों से ही रोगियों की जांच की जा रही है।
यहां पर वर्ष 2011 से पहले सीबीसी मशीन, ऑटो एनालाइजर, माइक्रोस्कोप, हिमोग्लोबिन मीटर, शुगर टेस्ट मीटर, एक्स-रे मशीनें काफी पुरानी है। इन्हीं मशीनों से रोगियों की जांच की जाती है।
लम्बे समय से खराब एक्स -रे मशीन
एक्स -रे मशीन काफी समय तक खराब पड़ी हुई थी। बाद में तकनीशियन को बुलाकर उसे ठीक कराया गया। सडक़ दुर्घटना में घायल यहां आते हैं। यहां एक्स रे मशीन से हुई जांच में स्पष्टता नहीं होने से घायल को बूंदी ले जाना पड़ता था। प्रयोगशाला विभाग से जुड़े कार्मिकों का कहना है कि उन्होंने कई बार चिकित्सा विभाग के उच्च अधिकारियों से नई मशीनों की मांग की है। जयपुर से मांगे प्रस्ताव के दौरान भी इन मशीनों की आवश्यकता बताई हैं, लेकिन अभी तक मशीन नहीं आई है। इससे पुरानी मशीनों से ही काम चलाना पड़ रहा है।
कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में काफी समय से डिजिटल एक्स-रे और सोनोग्राफी मशीन की मांग बढ़ रही है। यहां पर दोनों मशीनें आने के बाद ही रोगियों को जांच की अच्छी सुविधा मिलेगी। अन्यथा उन्हें काफी राशि खर्च कर बाहर जांच के लिए जाना पड़ेगा है।
सतीश गुप्ता
विश्व बैंक से आई टीम ने भी यहां पर सोनोग्राफी डिजिटल एक्स-रे मशीन, नई सीबीसी मशीन की आवश्यकता बताई थी। ब्लॉक सीएमओ व चिकित्सालय प्रभारी को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए थे। उसके छह माह होने के बाद भी यहां पर नई मशीनें नहीं आई।
मनोहर सुवालका, समाज सेवी
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सोनोग्राफी डिजिटल एक्स-रे सहित सभी मशीनें नई आनी है। इसके लिए चिकित्सा विभाग के उच्च अधिकारी व राज्य मंत्री अशोक चांदना से भी मिलेंगे। यहां पर बड़ी संख्या में रोगी प्रतिदिन उपचार के लिए आते हैं।
महेश सोमानी, कांग्रेस नेता
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सुविधाओं का काफी अभाव है। चिकित्सालय में सभी प्रकार के उपकरण होने चाहिए। ऐसे में यहां पर रोगियों को सभी प्रकार की सुविधाएं मिले। रोगियों को भर्ती व जांच की सुविधा यहां पर मिले, उन्हें बूंदी या कोटा रैफर नहीं करना पड़े।
विक्रम ङ्क्षसह हाड़ा,युवा नेता