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कार्यकर्ताओं का फूटा गुस्सा, किया डीटीओ का घेराव
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कार्यकर्ताओं का फूटा गुस्सा, किया डीटीओ का घेराव

-फर्जी प्रदूषण नियंत्रित प्रमाण पत्र बनाने वाले पर कार्रवाई की मांग
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बूंदी

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Pankaj Prakash Joshi

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Updated: 26 Feb 2018, 9:26 PM IST

बूंदी. फर्जी वाहन प्रदूषण नियंत्रित प्रमाण पत्र बनाने के मामले में प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से सोमवार को एनएसयूआई व यूथ कांगे्रस कार्यकर्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय में विरोध प्रदर्शन कर जिला परिवहन अधिकारी का घेराव किया। उन्होंने राजस्थान पत्रिका के २३ फरवरी के अंक में प्रकाशित खबर का हवाला देते हुए पत्रिका की प्रति भी जिला परिवहन अधिकारी को सौंपी। इसके साथ ही परिवहन मंत्री व जिला पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपा। एनएसयूआई जिला उपाध्यक्ष हितेश खींची ने कहा कि परिवहन विभाग कार्यालय के पास में सरकारी नियमों की खुलेआम अवहेलना हो रही है। प्रदूषण जांच केंद्र द्वारा बिना वाहनों की जांच किए फर्जी प्रमाण पत्र बना दिया। भ्रष्टाचार का खुला खेल यहां पर चल रहा है। दो सौ रुपए लेकर अवैध वसूली की जा रही है। इसके बाद भी विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। भ्रष्टाचार करने वाले की मशीन सीज करने, जांच केंद्र का लाइसेंस निलंबित करने व मामला दर्ज करवाने की मांग की। इस दौरान यूथ कांगे्रस प्रदेश सचिव इमरान कादरी, यूथ कांगे्रस लोकसभा महासचिव आनंद चंदेल, यूथ कांगे्रस शहर अध्यक्ष यासीन कुरैशी व आदिल कुरैशी सहित कई कार्यकर्ता मौजूद थे।
डीटीओ ने तीन दिन में मांगी जांच
राजस्थान पत्रिका के २३ फरवरी के अंक में खूब फलफूल रहा जाली प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण पत्र का धंधा शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसके बाद जिला परिवहन विभाग हरकत में आया। जिला परिवहन अधिकारी धर्मपाल आसीवाल ने मामले की जांच परिवहन निरीक्षक गिरधारी लाल मीणा को सौंपी है। उन्होंने तीन दिन में राजस्थान मोटरयान प्रदूषण जांच योजना २०१७ के प्रावधानों के तहत संचालित प्रदूषण जांच केंद्र की जांच कर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं।