जयपुर
गरीब परिवार की बेटियों की शादी के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री कन्यादान हथलेवा योजना प्रचार प्रसार के अभाव में फेल हो रही है। गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले परिवार की बेटियों की शादी के लिए शुरू की गई इस योजना का लाभ लेने के लिए कुल 60 परिवारों ने आवेदन किया। लेकिन आवेदन करने वाले आधे परिवारों को भी इस योजना का लाभ नहीं मिल पाया है।
जिला प्रशासन जयपुर की ओर से बताए गए आंकड़ों की माने तो योजना शुरू होने के बाद अब तक केवल 60 परिवारों ने ही सहायता राशि लेने के लिए आवेदन किया हैं। जिनमें भी आवेदन की शर्तों को पूरा नहीं करने के कारण सिर्फ 21 परिवारों को ही इस योजना लाभ मिल सका हैं।
योजना में 51 हजार रुपए तक की सहायता
राज्य सरकार की तरफ से शुरू की गई मुख्यमंत्री कन्यादान हथलेवा योजना में गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले बीपीएल परिवारों की स्नातक पास की हुई बेटी के विवाह में 51 हजार रुपए तक की सहायता दी जाती है। इसके लिए सामाजिक न्याय व अधिकारिता विभाग को आवेदन करना होता है। अधिकतम दो बालिकाओं के विवाह पर यह अनुदान दिया जाएगा।
यदि बेटी कक्षा नौ तक उत्तीर्ण है, तो 31 हजार रुपए, 10वीं कक्षा उत्तीर्ण होने पर 41 हजार और स्नातक उत्तीर्ण होने पर 51 हजार रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। विवाह की आयु पूरी करने पर कन्या के माता, पिता या संरक्षक सहायता के लिए आवेदन कर सकते हैं।
इसलिए नहीं मिल सका लाभ
जयपुर जिला कलक्टर राजन विशाल ने जानकारी दी कि योजना में आवेदन की शर्तों को पूरा नहीं करने के कारण आवेदन करने वाले 60 में से सिर्फ 21 लोगों को ही लाभ मिल सका। आवेदक के बेटी की मार्कशीट नहीं देने या अन्य दस्तावेजों की कमी के कारण योजना का लाभ लेने से वह वंचित रहे।
प्रचार प्रसार की कमी
जयपुर जिले के प्रभारी मंत्री शांति धारीवाल ने मुख्यमंत्री कन्यादान हथलेवा योजना के बारे में जिला कलेक्ट्रेट में प्रगति समीक्षा कर कहा कि इसके बारे में धरातल पर कम लोगों को जानकारी है। इसलिए इसका ज्यादा से ज्यादा प्रचार-प्रसार किया जाए,जिससे बेटियों के विवाह पर अधिक से अधिक लोगों आर्थिक सहायता मिल पाए।