
जयपुर। गोपालपुरा बायपास स्थित 10 बी स्कीम में रिटायर्ड बैंक अधिकारी कृष्णकांत गुप्ता के घर डकैती के बाद शुक्रवार को भी मिलने वालों की भीड़ लगी रही। वहीं पीडि़त परिवार ने बताया कि प्रिया साहू उर्फ परवीन खातून ने कभी शक नहीं होने दिया कि वह अन्य धर्म से है। घर पर दम्पति को देख हनुमान चालीसा के दोहे की एक लाइन गुनगुनाती तो कभी मां वैष्णो देवी का नाम लेती थी।
उधर, पुलिस ने वारदात के बाद दिल्ली, उत्तर प्रदेश और कोलकाता तीन पुलिस टीम भेजी है। हालांकि डकैतों के जयपुर से बाहर निकल जाने की पूरी संभावना जताई गई है। पुलिस टीम पीडि़त परिवार के ले गए मोबाइल को भी ट्रेस आउट करने का प्रयास कर रही है। गौरतलब है कि 4 महीने पहले प्रिया साहू के नाम से उनके घर आई बांग्लादेशी नौकरानी परवीन खातून और उसके साथियों ने डाका डाला। घर में तब गुप्ता, उनकी पत्नी चन्द्रकांता, दस माह की पोती नितारा और परवीना खातून थे।
नौकरानी की मदद से घर में घुसे डकैतों ने एक कमरे में सो रहे गुप्ता के हाथ-पैर व मुंह साड़ी व चुन्नी से बांध दिए। फिर दूसरे कमरे में टैब पर फिल्म देख रहीं पत्नी चन्द्रकांता को चाकू दिखाकर कृष्णकांत के कमरे में ले आए। वहां डकैत उसे भी बंधक बनाने लगे तो चन्द्रकांता ने सूझबूझ दिखाई। डकैतों को कहा कि मेरे हाथ-पैर मत बांधो, मैं नकदी-जेवर बता दूंगी। इस पर डकैतों ने उसे नहीं बांधा। करीब आधे घंटे तक दम्पती को चाकू की नोक पर रखकर डकैतों ने घर खंगाला। करीब 12 लाख रुपए के जेवर, चांदी के बर्तन और 2.50 लाख रुपए नकद समेटकर पीडि़त की कार में रखा, फिर नौकरानी परवीन खातून के साथ भाग गए। जाने से पहले चन्द्रकांता को अलग कमरे में बंद कर गए।