
हिण्डौनसिटी. भगवान श्रीगणेश का जन्मोत्सव पर्व गणेश चतुर्थी शनिवार को आस्था और उत्साह के साथ मनाया। घरों के द्वार से लेकर मंदिरों में प्रथम पूज्य गणपति का चोला चढ़ा कर पूजन किया। वहीं शोभायात्राएं निकाल आधा दर्जन से अधिक पूजा पाण्डालों में गणेशजी के प्रतिमा स्थापना के साथ 10 दिवसीय गणेशपूजा महोत्सव की शुरुआत हुई। इस दौरान माहौल गणपति बप्पा के जयकारों और जय गणेश देवा की स्वरलहरियों से गुंजायमान हो गया।
सुबह टीकाकुण्ड हनुमानजी मंदिर गणेश भक्त मंडल की ओर से द्वितीय गणेश पूजा महोत्सव की शुरुआत हुई। इस दौरान श्रीराम मंदिर से 8 फीट ऊंची गणपति की प्रतिमा को ट्रैक्टर ट्रॉली को रथ में रूप में सजा कर शोभायात्रा निकाली। कलश यात्रा की अगुआई में बैण्ड बाजे के साथ शोभायात्रा बयाना मोड़, तहसील रोड मनीराम पार्क होते हुए टीकाकुण्ड हनुमान मंंदिर पहुंची। जहां पंडित शुभम शास्त्री के मंत्रोच्चार पर शिवकुमार सैनी व अन्य ने पाण्डाल में गणपति प्रतिमा विराजित की। बसवारा पाड़ा में 9 वें गणेशोत्सव में शीतला चौराहा से गणेशजी की प्रतिमा की शोभायात्रा निकली। भक्त मंडल के सूरज शर्मा ने बताया के दोपहर में करौली के विधायक दर्शनसिंह गुर्जर ने प्रतिमा के नेत्रों से पट्टियां हटा कर10 दिवसीय पूजा महोत्सव का शुभारंभ किया। जिला चिकित्सालय के पीछे रूपकॉलोनी में गणपति पूजा पाण्डाल सजाया गया है। मोहन नगर शिवालय से गणेशजी की प्रतिमा की शोभायात्रा निकाली गई। जगदम्बा मार्केट में तृतीय गणेशोत्सव के सुबह शोभायात्रा निकाल पूजा पाण्डाल में प्रतिमा विराजित की। महोत्सव को लेकर बाजार में सजावट की गई है। इधर दोपहर में घरों में द्वारा पर विराजित गणेश जी की प्रतिमाओं का सिंदूर का चौला चढ़ा कर चांदी के वर्क से शृंगार किया। साथ ही बंूदी दाने व मोदक का भोग लगाया। इस दौरान घर आंगन गणेशजी की आरती की स्वर लहरियों से गुंजायमान हो गए।
उतारी जन्म आरती, लड्डुओं का लगाया भोग
पाठक पाड़ा स्थिति प्राचीन गणेशजी मंदिर में सुबह से दोपहर तक गणेशजी की प्रतिमा के अभिषेक किए गए। वहीं दोपहर में महंत ने पत्नी रिद्धी-सिद्धी व पुत्र शुभ लाभ के साथ विराजित गणपति का शृंगार कर जन्म झांकी सजाई। दोपहर में 3100 लड्डुओं को भोग लगाया गया। महंत मदन मोहन शर्मा ने बताया कि महिलाओं भजन संकीर्तन किया। शाम को महाआरती हुई।