गुरुवार को पुलिस कंट्रोल रूम परिसर में पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार राय ने मोबाइल को उनके असल मालिकों को दिए हैं। यहां सुबह 11.30 बजे ही लोग अपने मोबाइल लेने पहुंचे थे। इसमें से कुछ ऐसे भी जो अपनी बहन या भाई का गुम हुआ मोबाइल लेने आया था। पुलिस अधीक्षक राय ने बताया कि 12 दिन में अथक प्रयास से 158 मोबाइल फोन ढूंढ निकाले हैं। यह वे मोबाइल है जो कहीं गिर गया थे या गुम हो गए थे। इसमें वर्ष 2023 व 2024 में के भी मोबाइल हैं। जिले के अलावा बुरहानपुर, खरगोन और इंदौर जैसे शहर में मोबाइल चलते पाए गए थे। इसमें किसान, बच्चे व मजदूर के भी मोबाइल हैं। आज सभी को उनके मोबाइल वापस दे दिए हैं। इस अवसर पर एएसपी महेंद्र तारणेकर , राजेश रघुवंशी, सीएसपी अभिनव बारंगे सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
लोगों ने कहां शिकायत से कुछ नहीं होता, मोबाइल नहीं मिलेगा
शिक्षिका साधना सोनी ने बताया कि पिछले साल नवंबर में मेरा मोबाइल बॉम्बे बाजार से नगर निगम के बीच गुम हो गया था। मैंने अपना मोबाइल स्कूटर के सामने की डिक्की में रख दिया था। कुछ देर बाद वापस आकर देखा तो डिक्की में मोबाइल नहीं था। कई बार सोचा की शिकायत नहीं करते हैं। आसपास व परिचित लोगों ने भी कहां शिकायत से कुछ नहीं होता, मोबाइल नहीं मिलेगा। बेटे के कहने पर मोबाइल गुम होने की शिकायत की। एक दिन फोन आया कि आपका मोबाइल मिल गया है। इस बात की मुझे बहुत खुशी हुई। मेरा मोबाइल वापस मिल गया।
मोबाइल वापस मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी
सिरसौद के रहने वाले मनीष पिता माधव पाटीदार का कहना है कि वर्ष 2023 में गुम हुआ था। मोबाइल गुम होने पर छैगांवमाखन थाने में शिकायत की थी। कुछ दिनों तक इंतजार किया, फिर मोबाइल वापस मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी। दो दिन पहले फोन आया कि तुम्हारा मोबाइल मिल गया है, गुरुवार को लेने आ जाना। पहले तो विश्वास ही नहीं हुआ था। तीन साल बाद मोबाइल मिलने पर खुश हुं।
गांव में ही कहीं मोबाइल गिर गया था
ग्राम झींगाधड़ थाना किल्लौद के रहने वाले राहुल पिता संतोष ने बताया कि 4 सितंबर को गांव में ही कहीं मोबाइल गिर गया था। उसने शिकायत की ऑनलाइन की थी। दो माह बाद उसका मोबाइल मिल गया। उसे भरोसा था कि मोबाइल वापस मिल जाएगा। आज वह मोबाइल मिलने पर खुश है।
मोबाइल गुम होने पर यह करें
मोबाइल गुम हो जाने पर सबसे पहले अपने फोन नंबर को तुरंत बंद कराएं। इसके बाद तुरंत सरकार की सीआइआर (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) वेबसाइट पर जाकर शिकायत दर्ज कराए। इसके साथ ही अपने नजदीकी पुलिस थाने में सूचना दें।