
मंगलवार को जनसुनवाई में पहुंचे हरसूद तहसील के ग्राम बोहरली निवासी नारायण मौजीराम ने अधिकारियों से गुहार लगाई। नारायण ने बताया कि उसके पिता की मृत्यु के बाद मां अपने पिता के घर रह रही थी। नाना ने अपनी आधी जमीन मां को भरण पोषण के लिए दी थी। मामा ने षड्यंत्र कर जमीन अपने नाम करा ली। नाना के पैतृक गांव में उनकी जमीन जिसमें मां का भी हिस्सा था, वह इंदिरा सागर की डूब में आई थी। उसका मुआवजा 1.20 लाख रुपए और एक आवासीय भूखंड भी मिला था। मामा ने मां को मृत बताकर मुआवजा भी हड़प लिया और भूखंड भी अपने नाम कर लिया। आवेदक ने मामा के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर मुआवजा और जमीन दिलाने की मांग की।